
जमशेदपुर : टीएमएच के क्लिनिकल सोसाइटी का 57 वां वार्षिक सम्मेलन 21 से 22 फरवरी, 2020 तक टीएमएच सभागार में आयोजित किया जा रहा है. टीएमएच, टीएमएच क्लीनिक और टाटा स्टील रॉ मैटेरियल लोकेशन के अस्पतालों के 300 से अधिक प्रतिनिधि इस वैज्ञानिक विचार-विमर्श में हिस्सा ले रहे हैं, जिसमें अनुसंधान सम्मेलन भी शामिल है. सम्मेलन का उद्घाटन मुख्य अतिथि के रूप में टाटा स्टील यूटिलिटीज एंड इंफ्रास्ट्रक्चर सर्विसेज लिमिटेड (टीएसयूआइएस) के एमडी तरुण डागा ने किया. उद्घाटनसमारोह की अध्यक्षता टाटा स्टील मेडिकल सर्विसेज के जीएम एयर मार्शल डॉ राजन चौधरीऔर टीएमएच क्लिनिकल सोसाइटी के अध्यक्ष डॉ सोमेन चक्रवर्ती ने किया. मुख्य अतिथि तरुण डागा ने कंटीन्यूइंग मेडिकल एजुकेशन एंड नॉलेज शेयरिंग में टीएमएच के क्लिनिकल सोसाइटी की भूमिका की सराहना करते हुए कहा कि यह स्वास्थ्य सेवा प्रदाताओं की ज्ञान-समृद्घि के लिए महत्वपूर्ण है, जो एक मेडिकल प्रैक्टीशनर को सीखने और मरीजों को बेहतर सेवा देने के लिए व्यवहारिक तरीके खोजने की सुविधा देता है. यही नहीं, यह चिकित्सा विज्ञान के निरंतर बदलते परिदृश्य में उन्हें स्वयं को प्रभावकारी तरीके से उन्नत करने में भी मदद करता है. उन्होंने कहा कि इस तरह के सम्मेलनों से चिकित्सकों को अपने कौशल को निखारने का अवसर मिलता है, ताकि वे रोगी की देखभाल में सुधार कर सकें, चिकित्सा विज्ञान के नवीनतम विकासों से जुड़े रह सकें और वास्तविक दुनिया की चुनौतियों का सामना कर सकें, जिनका स्वास्थ्य सेवा देनेवाले व्यक्ति दिन-प्रतिदिन सामना करते हैं. अपने उद्घाटन भाषण में एयर मार्शल डॉ राजन चौधरी ने इस तथ्य पर जोर दिया कि टीएमएच ने बोन मैरो ट्रांसप्लांट और रेनल ट्रांसप्लांट सुविधाओं की शुरुआत के साथ समुदाय की बढ़ती जरूरतों के साथ तालमेल कायम रखा है, जिसने देश के इस हिस्से में टीएमएच को एक प्रमुख स्वास्थ्य सुविधा के रूप में स्थापित किया है. डॉ सोमेन चक्रवर्ती नेकहा कि यह अत्यंत गर्व का विषय है कि टीएमएच के संकाय अपने विशिष्ट राष्ट्रीय और क्षेत्रीय सम्मेलनों में उपस्थिति दर्ज करा रहे हैं. 25 से अधिक अनुक्रमित शोध प्रकाशनों के साथ, टीएमएच चिकित्सा विज्ञान की उन्नति में योगदान देता है. उद्घाटन समारोह में मुख्य अतिथि ने सम्मेलन की स्मारिका पुस्तक का विमोचन और टीएमएच क्लिनिकल सोसाइटी का डायनामिक वेबसाइट लांच किया. इस वर्ष, वार्षिक सम्मेलन में देश के कुछ प्रसिद्घ और प्रख्यात चिकित्सक शामिल हैं, जिनमें एआईजी हॉस्पीटल, हैदराबाद से हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ सी नरसिम्हन, सर गंगा राम हॉस्पीटल से पैथोलॉजिस्ट डॉ ज्योति कोतवाल, दिल्ली स्टेट कैंसर इंस्टीट्यूट से अन्को-गायनेकोलॉजिस्ट डॉ विनीता कुमार जग्गी, इंद्रप्रस्थ अपोलो हॉस्पीटल, नईदिल्ली से एंडोक्राइनोलजिस्ट डॉ सीएम बत्रा और अपोलो हॉस्पीटल, कोलकाता से रेडियोलॉजिस्ट डॉ राजेश घोष आदि प्रमुख हैं.
इस सम्मेलन में चिकित्सा अधिकारियों के कौशल को बढ़ाने के लिए तीन कार्यशालाएँ भी होंगी और उम्मीद है कि इससे उन्हें अपने कार्य क्षेत्रों में कर्तव्यों के निर्वाह में अपनी क्षमता को निखारने में मदद मिलेगी.





