जमशेदपुर : बिहार के कृषि मंत्री और जमशेदपुर के भाजपा अध्यक्ष रह चुके अमरेंद्र प्रताप सिंह जमशेदपुर पहुंचे हैं. उन्होंने अपने आगमन पर कहा कि जमशेदपुर से उनका पुराना लगाव है. बिहार राज्य के समय से ही जमशेदपुर के दुर्गा पूजा में अपने पुराने मित्र के यहां आते है. मां का दर्शन करते हैं, मां से आशीर्वाद प्राप्त करते हैं. उन्होंने मीडिया से बात करते हुए कहा कि कृषि कानून जो किसानों के हित में बनाई गई है आज कल फर्जी किसान जो आंदोलन कर रहे है, उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार ने जो किसान के लिए तीन कानून बनाए हैं वह तीनों कानून किसानों के फायदे के लिए है. पूरे देश की अगर बात करें तो अधिकतर गरीब किसान इस कानून के बनने से उन्हें फायदा मिलेगा, कुछ फर्जी किसान है, जो उनका विरोध कर रहे हैं. वह अपने फायदे के लिए गरीब किसानों को भी भड़का रहे हैं. किसान आंदोलनों पर कहा कि विपक्ष के पास और कोई को काम नहीं है कृषि कानून पर विपक्ष हवा देकर आंदोलन करवा रहे है. मंत्री कृषि मंत्री अमरेन्द्र प्रताप सिंह ने प्रशासन द्वारा पूजा पंडाल पर की जा रही कार्रवाई को लेकर भी तंज कसा और कहा कि यह गलत है. (नीचे देखे वीडियो बयान और पूरी खबर पढ़ें)
प्रशासन को पूजा से पहले पंडाल के निर्माण समेत कोविंड 19 के गाइडलाइन के पालन के लिए समिति के सदस्यों से संपर्क कर उचित कार्रवाई करनी चाहिए थी लेकिन पूजा के दौरान अष्टमी के दिन पंडाल जाकर पंडाल को खुलवाना, प्रसाद, भोग वितरण में रोक लगाना गलत है. प्रशासन को भी कानून अपने हाथ में नहीं लेना चाहिए. आस्था का पूजा है कोरोना गाइडलाइन का पालन अवश्य होना चाहिए सभी कानून के दायरे में रहकर ही प्रशासन अपनी कार्रवाई करें. उन्होंने इस दौरान झामुमो और राज्य सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि झारखंड राज्य को झामुमो और झारखंड नामधारी दलों ने बेचने का काम किया है. सत्ता की गोद में बैठकर झारखंड के आंदोलन को बेचते रहे है झारखंड नामधारी दलों के लोग, लेकिन भाजपा ने ही झारखंड बनवाया और वनांचल प्रदेश के जब वे अध्यक्ष थे, तब तत्कालीन प्रधानमंत्री स्वर्गीय अटल बिहारी वाजपेयी ने जमशेदपुर के रीगल मैदान से ही ऐलान कर दिया था कि झारखंड राज्य तब बनेगा, जैसे ही उनकी सरकार बनेगी और 15 नवंबर 2000 को झारखंड राज्य का गठन स्वर्गीय अटल बिहारी वाजपेयी ने कर दिया. भाजपा करने में विश्वास रखती है, झारखंड नामधारी दलों ने सिर्फ झारखंड अलग राज्य के आंदोलन को बेचने का काम किया है.







