रांची : भाजपा के विधायक दल के नेता और पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाला मरांडी ने एक प्रेस कांफ्रेंस कर सीएम हेमंत सोरेन से इस्तीफा देने की मांग की है. बाबूलाल मरांडी ने भाजपा कार्यालय में आयोजित प्रेस कांफ्रेंस में कहा कि एक तरफ मुख्यमंत्री के खासमखास सिपहसालार पंकज मिश्रा जेल में बंद है, तो दूसरी ओर मुख्यमंत्री के प्रेस सलाहकार प्रवर्तन निदेशालय का चक्कर काट रहे हैं. यहीं कारण है कि भ्रष्टाचार में डूबी सरकार द्वारा मानसून सत्र को समय से पहले ही अनिश्चतकाल के लिए स्थगित कर दिया गया. सरकार विपक्ष के सवालों का जवाब देने से बचना चाहती है. और डर कर भाग रही है. बाबूलाल मरांडी ने आगे कहा कि स तरह सत्र को समय से पहले अनिश्चितकाली के लिए स्थगित करने बजाय सीएम हेमंत सोरेन अपना इस्तीफा दे देना चाहिए. प्रेस कॉन्फ्रेंस में विधायक राज सिन्हा, अनंत ओझा, जेपी पटेल, बिरंची नारायण, डॉ नीरा यादव, रणधीर सिंह समेत अन्य भी उपस्थित थे. (नीचे भी पढ़ें)
स्पीकर कर रहे मनमानी
बाबूलाल मरांडी ने कहा ने स्पीकर पर आरोप लगाते हुए कहा कि स्पीकर अपने पिछले ढ़ाई सालों में अब तक के कार्यकाल में कभी भी समय पर अपनी जगह पर बैठे नहीं दिखे. गुरुवार को दोपहर 12 बजे के बाद जब वे विधायकों के सदन में बैठने से पूर्व अचानक आ कर बैठे और अनिश्चित काल के लिए स्थगित कर दिया तो किसी को समझ नहीं आया. यह तरीका ठीक नहीं था. उन्हें कार्यमंत्रणा समिति बुला कर सभी से बात करनी चाहिए थी. बाबूलाल मरांडी ने कहा कि पहले भी वेल में आकर विधायक आवाज उठाते रहे हैं. लेकिन जिस ढंग से भाजपा के चार विधायकों को मनमाने तरीके से सस्पेंड किया गया, वह अनुचित था. विधायक जेपी पटेल तो उस दौरान सदन में उपस्थित ही नहीं थे जिसके लिए उन्हें निलंबित किया गया. निलंबन से पूर्व संसदीय कार्य मंत्री प्रस्ताव लाते और तब ऐसा करते.





