
जमशेदपुरः जमशेदपुर महिला संगठन द्वारा महिलाओं पर हो रही हिंसा के खिलाफ आवाज उठाने के लिए बुधवार को डीबीएमएस कॉलेज में 30 महिला संगठनों की प्रतिनिधि एकत्रित हुई. इन संगठनो ने झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से महिलाओं के प्रति हो रही हिंसा को रोकने की मांग की. बैठक यह प्रस्ताव रखा गया कि अपराधियों पर कड़ी से कड़ी कार्रवाही तुरंत की जाए. जाति वर्ग से ऊपर उठकर स्थानीय पुलिस और थाना से त्वरित कार्रवाही करने की मांग की गई. उन्होंने बताया कि महिलाओं के प्रति हो रही हिंसा संबंधी मामलों की जब तक फास्ट ट्रेक कोर्ट में तुरंत सुनवाई नहीं की जाएगी तब तक अपराधी स्वच्छंद घूमते रहेंगे और अपराध को रोक पाना असंभव होगा. (नीचे भी पढ़ें)

कार्यक्रम में दक्षिण भारतीय महिला समाज, लायंस क्लब, रोटरी क्लब, बहुभाषी साहित्यिक संस्था सहयोग, संस्कार भारती, पटना वीमेंस कॉलेज एल्यूमनाई संघ, नव पल्लव, गुजराती सनातन समाज, क्षत्रिय संघ आदि ने अपनी आवाज उठाई. कार्यक्रम का संचालन प्रिया धर्मराजन और स्वागत भाषण ललिता चंद्रशेखर ने किया. कार्यक्रम में भानुमति नीलकंठन, पूर्वी घोष अधिवक्ता संगीता झा, मनोवैज्ञानिक डॉ निधि श्रीवास्तव, संस्कृति कर्मी डॉ रागिनी भूषण ने अपनी कविता के माध्यम से अपनी बात मंच पर रखी. धन्यवाद ज्ञापन प्रिया नागरंजन ने किया. सहयोग की सचिव विद्या तिवारी, अर्चना गुप्ता, गुजराती समातन समाज, सहेली संस्था से विनीता शाह, नव पल्लव की अध्यक्ष माधुरी मिश्रा, अनिता निधि, गृह स्वामिनी ई पत्रिका के संस्थापक अर्पणा संत सिंह, डीबीएमएस स्कूल की प्राचार्या रजनी शेखर एवं मीना बगली, मीता जखनवाल, नीरा नंदवानी, झरना कर, मंजू सिंह, अरूणा झा, इंदिरा पांडे, कृष्णा सिंहा तथा गायत्री परिवार की अध्यक्ष व अन्य संगठनों की महिला की उपस्थिति में इस प्रस्ताव को पारित किया गया हैं. कार्यक्रम को मुख्य रूप से भानुमति नीलकंठन, ललिता चंद्रशेखर, पूर्वी घोष, पूर्व सांसद आभा महतो, अधिवक्ता संगीता झा, डॉ जूही समर्पिता, प्रिया धर्मराजन ने संबोधित किया.




