अनिल कुमार/बोकारो : बोकारो जनरल अस्पताल में आउटसोर्सिंग पर काम कर रहे कर्मियों ने अस्पताल में अपने शोषण के खिलाफ प्रबंधन के समक्ष प्रदर्शन किया. धनबाद के कांग्रेस नेता व पूर्व सांसद ददई दुबे भी वहां पहुंचे एवं कर्मियों की समस्याओं को लेकर बोकारो जेनरल अस्पताल प्रबंधन से बात की. (नीचे भी पढ़ें)
बताते चलें कि बोकारो जनरल अस्पताल में कार्यरत आउटसोर्स कर्मियों ने अस्पताल प्रबंधन पर अनदेखी करने एवं उनका शोषण करने का आरोप लगाया है. सभी कर्मियों ने इसको लेकर आज प्रबंधन के समक्ष प्रदर्शन किया. इसी दौरान धनबाद के पूर्व सांसद चंद्रशेखर दुबे उर्फ ददई दुबे भी वहां पहुंचे एवं हड़ताली कर्मचारियों से मुलाकात की. बाद में उन्होंने बोकारो जनरल अस्पताल के डीएमएस से उनकी समस्याओं को लेकर बात भी की. (नीचे भी पढ़ें)
हड़ताल कर रहे कर्मियों का कहना है कि पूर्व में इन्हें ईएल बोनस देने का वादा किया गया था, लेकिन उसकी सुविधा उन्हें नहीं दी जा रही है. यही नहीं, उन्हें 3 महीने से वेतन नहीं दिया जा रहा है और न ही कोई सुविधा मुहैया कराई जा रही है. उन्होंने कहा कि कोरोना काल में भी इन आउटसोर्स कर्मचारियों ने इतने कम वेतन के बावजूद जी जान लगाकर सेवाएं दीं. बावजूद इसके उन्हें वाजिब सुविधाएं भी नहीं दी जा रही हैं. (नीचे भी पढ़ें)
उन्होंने बताया कि करीब 92 ऐसे आउटसोर्स कर्मी हैं जिन्हें एचएससीएल के द्वारा रखा गया. लेकिन ठेकेदार द्वारा उन्हें 2 भाग में बांट दिया. उन्होंने ठेकेदार पर मनमानी करने एवं उनके द्वारा अपनी मांगें रखे जाने पर काम से निकाल देने की धमकी देने का आरोप लगाते हुए कहा कि प्रबंधन भी यह सबकुछ देखता रहता है. (नीचे भी पढ़ें)
वहीं वार्ता के बाद पूर्व सांसद ददई दुबे ने मजदूरों की मांगों को जायज बताते हुए कहा कि उन्हें उनका हक मिलना चाहिए. अगर कोई ठेका कंपनी इन मजदूरों के साथ गलत करती है तो उसे ब्लैकलिस्ट किया जाना चाहिए. उन्होंने कहा कि वे मजदूरों के साथ उनके हक के लिए खड़े हैं. उन्होंने बताया कि प्रबंधन ने उनकी मांगें मान ली हैं और इसका निस्तारण किया जा रहा है.











