जमशेदपुर : ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने 22 मई को टाटा स्टील कलिंगानगर (टीएसके) संयंत्र के विस्तारित प्लांट का उदघाटन किया. इस विस्तार के साथ प्लांट की क्रूड स्टील उत्पादन क्षमता 3 मिलियन टन प्रति वर्ष (एमटीपीए) से बढ़कर 8 एमटीपीए हो गई है. उदघाटन समारोह जाजपुर जिले के कलिंगानगर प्लांट में आयोजित किया गया, जिसमें राज्य के वरिष्ठ नेतृत्व, स्थानीय समुदाय के सदस्यों, टाटा स्टील के सीईओ एवं प्रबंध निदेशक टीवी नरेंद्रन तथा कंपनी के अन्य वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति रही. ओडिशा सरकार के सहकारिता, हैंडलूम, वस्त्र एवं हस्तशिल्प मंत्री श्री प्रदीप बल सामंता, उद्योग, कौशल विकास एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री संपद चंद्र स्वैन तथा जाजपुर के सांसद डॉ. रवींद्र नारायण बेहरा ने भी अपनी गरिमामयी उपस्थिति से इस अवसर की शोभा बढ़ाई. विस्तारित अत्याधुनिक संयंत्र टाटा स्टील की विकास यात्रा में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर है, जो सतत विकास, उन्नत तकनीक और समावेशी प्रगति को केंद्र में रखते हुए एक भविष्य के लिए तैयार इस्पात निर्माण पारिस्थितिकी तंत्र के निर्माण की दिशा में मजबूत कदम है. मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने कहा कि टाटा समूह के साथ हमारी साझेदारी आज एक नए मुकाम पर पहुंची है। यह वह समूह है, जिसने दशकों से देश की प्रगति और भरोसे की नींव को मजबूत किया है. कलिंगानगर प्लांट के विस्तारीकरण का शुभारंभ हमारी साझा प्रगति की एक और ऐतिहासिक मिसाल है. टाटा समूह ने सदैव उद्योग जगत में उत्तरदायित्व, सुरक्षा, सतत विकास और सामाजिक सरोकारों का उच्चतम मानक स्थापित किया है. (नीचे भी पढ़े)
ओडिशा पर आपके विश्वास और निवेश के लिए हम आभारी हैं. यह केवल औद्योगिक विस्तार नहीं, बल्कि एक समृद्ध भविष्य की नींव है जिसे हम मिलकर गढ़ रहे हैं. टाटा स्टील कलिंगानगर में यह विस्तार क्षमता में अभूतपूर्व वृद्धि का प्रतीक है. दो चरणों में कुल 50,000 करोड़ रुपये से अधिक का भारी निवेश किया गया है. टाटा स्टील कलिंगानगर, भारत के सबसे आधुनिक और उन्नत एकीकृत इस्पात संयंत्रों में से एक होने के नाते, सरकार के आत्मनिर्भर भारत के विज़न को भी सशक्त समर्थन प्रदान करता है. यह संयंत्र रक्षा, ऑटोमोबाइल, अवसंरचना, अभियांत्रिकी, पूंजीगत वस्तुओं, तेल और गैस, नवीकरणीय ऊर्जा तथा जहाज निर्माण जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों के लिए विश्वस्तरीय इस्पात उत्पादन की क्षमता रखता है. कलिंगानगर में स्थापित नया ब्लास्ट फर्नेस, 5,870 घन मीटर की क्षमता के साथ देश का सबसे बड़ा है. यह उन्नत तकनीक से युक्त है, जिसे दीर्घकालिक संचालन, ऊर्जा दक्षता और पर्यावरणीय संतुलन को ध्यान में रखते हुए डिज़ाइन किया गया है. यह ब्लास्ट फर्नेस देश का पहला ऐसा यूनिट है जिसमें चार टॉप कंबशन स्टोव्स का उपयोग किया गया है, साथ ही दो प्रीहीटिंग स्टोव्स भी लगाए गए हैं, जो हॉट मेटल उत्पादन में ईंधन की खपत को न्यूनतम स्तर पर बनाए रखने में सहायक हैं. कालिंगनगर के फेज़ 2 विस्तारीकरण में अन्य प्रमुख सुविधाओं में एक पेलेट प्लांट, कोक प्लांट और कोल्ड रोलिंग मिल शामिल हैं, जिन्हें नवीनतम तकनीकों और सतत औद्योगिक विधियों के साथ विकसित किया गया है.











