सरायकेला: सरायकेला के प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश रामाशंकर सिंह की अदालत ने पॉक्सो एक्ट मामले की सुनवाई करते हुए दोषी प्रमोद गोराई को चार साल की सश्रम कारावास और 5 हजार रुपया जुर्माना की सजा सुनाई है. जुर्माना नहीं देने पर 3 माह की अतिरिक्त कारावास का प्रावधान किया है. मामले की सुनवाई करते हुए पीडीजे ने दोषी को चार धाराओं के तहत सजा सुनाया है.(नीचे भी पढ़े)
मामले की सुनवाई करते हुए पीडीजे ने पॉक्सो एक्ट की धारा 8 के तहत 4 साल का सश्रम कारावास और 5 हजार रुपया जुर्माना,जुर्माना नहीं देने पर 3 माह का अतिरिक्त कारावास.पॉक्सो एक्ट की धारा 12 के तहत 2 साल का सश्रम कारावास और 1 हजार रुपया जुर्माना,जुर्माना नहीं देने पर 1 माह का अतिरिक्त कारावास, धारा 354 के तहत 3 साल का सश्रम कारावास और 1 हजार रुपया जुर्माना,जुर्माना नहीं देने पर 1 माह का अतिरिक्त कारावास, धारा 448 के तहत 6 माह का कारावास और 500 रुपया जुर्माना, जुर्माना नहीं देने पर 15 दिन का अतिरिक्त कारावास, मामला आदित्यपुर थाना अंतर्गत वर्ष 2021 का है. (नीचे भी पढ़े)
मामले में पीड़िता नाबालिक की दादी ने थाना में प्रमोद गोराई के खिलाफ लिखित मामला दर्ज कराया था. आवेदन में कहा गया था कि वह अपनी पोती को घर में अकेला छोड़कर सामान लाने के लिए बाजार गई थी. बाजार से जब घर लौटी तो देखा कि पड़ोस का रहने वाला प्रमोद गोराई नाबालिक के साथ जबरदस्ती छेड़खानी कर रहा था. नाबालिक की दादी को देखकर प्रमोद गोराई वहां से भाग गया. घटना के बाद पीड़िता की दादी ने थाना में जाकर प्रमोद के खिलाफ मामला दर्ज कराया था.











