जमशेदपुर: जमशेदपुर के बंगाल क्लब के कॉन्फ्रेंस हॉल में भारतीय राष्ट्रीय ट्रेड यूनियन कांग्रेस (इंटक) एवं शहर के वरिष्ठ अधिवक्ताओं की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई. बैठक की अध्यक्षता वरिष्ठ अधिवक्ता वीरेंद्र कुमार सिन्हा ने की. बैठक में सर्वसम्मति से इंटक के लीगल सेल का गठन किया गया, जिसका उद्देश्य शोषित, पीड़ित, मजदूर वर्ग तथा आर्थिक रूप से कमजोर और जरूरतमंद लोगों को कानूनी सहायता उपलब्ध कराना है. बैठक को संबोधित करते हुए वरिष्ठ अधिवक्ता वीरेंद्र कुमार सिन्हा ने कहा कि समाज में ऐसे अनेक लोग हैं जो आर्थिक रूप से कमजोर होने के कारण न्याय पाने से वंचित रह जाते हैं. उन्होंने कहा कि नवगठित लीगल सेल प्रताड़ित मजदूरों, गांव-देहात के गरीब लोगों और छोटे-छोटे कानूनी मामलों में उलझे जरूरतमंदों को उचित कानूनी सलाह और सहायता प्रदान करेगा. (नीचे भी पढ़ें)
इंटक के कोल्हान प्रमंडल महासचिव अंबुज कुमार ठाकुर ने कहा कि देश में मजदूरों की स्थिति चिंताजनक बनी हुई है. उन्होंने केंद्र सरकार द्वारा लागू चार श्रम संहिताओं का उल्लेख करते हुए कहा कि इन प्रावधानों से श्रमिकों के अधिकार प्रभावित हुए हैं. विशेष रूप से टर्म एम्प्लॉयमेंट जैसे प्रावधानों के कारण भविष्य में मजदूरों को अधिक कानूनी सहायता की आवश्यकता पड़ेगी. उन्होंने कहा कि इंटक हमेशा से श्रमिकों के अधिकारों की लड़ाई लड़ता आया है और लीगल सेल का गठन इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण एवं मजबूत कदम है. (नीचे भी पढ़ें)
बैठक में अधिवक्ता शशि भूषण कुमार, सूरज कुमार सिंह, राजबीर भांगरा, इंटक के उप महासचिव हीरा अरकने, धनंजय शुक्ला, एआईएसएफ के जिला अध्यक्ष राजू समद सहित कई अधिवक्ता एवं संगठन के पदाधिकारी उपस्थित थे. बैठक के अंत में लीगल सेल की नई कार्यकारिणी का भी गठन किया गया. नवगठित लीगल सेल के सदस्यों ने समाज के कमजोर, मजदूर और जरूरतमंद वर्ग को न्याय दिलाने के लिए सक्रिय रूप से कार्य करने का संकल्प लिया.




