जमशेदपुर : डिमना स्थित एमजीएम मेडिकल कॉलेज अस्पताल में मरीजों को इमरजेंसी तक पहुंचाने के लिए स्ट्रेचर और व्हीलचेयर तक उपलब्ध नहीं होने का मामला सामने आया है. सोमवार को भुइयांडीह की बाबूडीह बस्ती से गंभीर हालत में 13 वर्षीया मरीज भारती कुमारी को लेकर परिजन अस्पताल पहुंचे. इमरजेंसी के बाहर करीब 5 से 10 मिनट तक स्ट्रेचर और व्हीलचेयर की तलाश के बावजूद जब कोई व्यवस्था नहीं मिली, तो दो महिलाओं ने मरीज को टांगकर इमरजेंसी के अंदर पहुंचाया. (नीचे भी पढ़ें)
जानकारी के अनुसार, परिजन सोमवार दोपहर करीब एक बजे भारती कुमारी को ऑटो से लेकर एमजीएम अस्पताल पहुंचे थे. इमरजेंसी के बाहर ऑटो खड़ी करने के बाद उन्होंने मरीज को अंदर ले जाने के लिए व्हीलचेयर या स्ट्रेचर की मांग की. मौके पर मौजूद सुरक्षाकर्मियों और वार्ड ब्वॉय से भी मदद मांगी गई, लेकिन काफी देर तक कोई व्यवस्था नहीं हो सकी. मरीज की गंभीर हालत को देखते हुए आखिरकार दो महिलाओं ने उसे टांगकर इमरजेंसी के अंदर पहुंचाया, ताकि उसका तत्काल इलाज शुरू हो सके. इस दौरान परिजनों ने अस्पताल की अव्यवस्था पर नाराजगी जताई और मरीज को जल्द इलाज उपलब्ध कराने की मांग की. (नीचे भी पढ़ें)
एमजीएम अस्पताल में स्ट्रेचर और व्हीलचेयर की कमी का मुद्दा पहले भी सामने आता रहा है. मरीजों और उनके परिजनों को कई बार खुद ही मरीजों को उठाकर ले जाना पड़ता है. सोमवार की घटना ने एक बार फिर अस्पताल की आपातकालीन व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं. गंभीर मरीजों को समय पर इलाज उपलब्ध कराने के लिए इमरजेंसी के बाहर पर्याप्त संख्या में स्ट्रेचर और व्हीलचेयर उपलब्ध कराने की जरूरत है.




