जमशेदपुर : जमशेदपुर की जनता के लिए स्वच्छ एवं नियमित पेयजल उपलब्ध कराने की दिशा में एक बड़ी और महत्वपूर्ण सफलता मिली है. जमशेदपुर पूर्वी की विधायक पूर्णिमा साहू के लगातार प्रयासों और विधानसभा में लगातार उठाए गए मुद्दे का अब सुखद परिणाम सामने आया है. मोहरदा जलापूर्ति योजना फेज-3 के तहत डब्ल्यूटीपी की क्षमता संवर्धन के लिए 50 एमएलडी क्षमता के नए इंटेक वेल के निर्माण को नगर विकास एवं आवास विभाग से 67 करोड़ 36 लाख 42 हजार 900 रुपये की प्रशासनिक स्वीकृति मिल गई है. इस स्वीकृति के साथ ही लंबे समय से प्रस्तावित इस महत्वपूर्ण परियोजना के धरातल पर उतरने का रास्ता साफ हो गया है. अब जल्द ही निर्माण कार्य प्रारंभ होने की उम्मीद है. परियोजना पूरी होने के बाद बिरसानगर, बागुनहातु सहित आसपास के क्षेत्रों में रहने वाली बड़ी आबादी को स्वच्छ, पर्याप्त और नियमित पेयजल उपलब्ध कराने में बड़ी मदद मिलेगी.(नीचे भी पढ़े)

विधायक पूर्णिमा साहू ने विधानसभा में उठाया था मुद्दा, दिए थे महत्वपूर्ण सुझाव
मोहरदा जलापूर्ति की समस्या को लेकर जमशेदपुर पूर्वी की विधायक पूर्णिमा साहू शुरू से ही गंभीर रही हैं. विधानसभा के गत सत्र में उन्होंने राज्य सरकार से स्वर्णरेखा नदी में वर्तमान इंटेक वेल से लगभग 50 फीट की दूरी पर नया इंटेक वेल बनाने की मांग की थी. उन्होंने सदन में बताया था कि वर्तमान इंटेक वेल नदी के किनारे होने के कारण मानसून के दौरान प्रदूषित पानी की समस्या उत्पन्न होती है, जबकि गर्मी के दिनों में नदी का जलस्तर कम होने के कारण पर्याप्त जल उपलब्ध नहीं हो पाता. विधायक पूर्णिमा साहू ने सुझाव दिया था कि नए इंटेक वेल को नदी के मध्य हिस्से में बनाया जाए, ताकि बरसात के दौरान अपेक्षाकृत स्वच्छ पानी प्राप्त हो सके और गर्मी के दिनों में भी पर्याप्त मात्रा में पानी उपलब्ध कराया जा सके. इसके साथ ही, मोहरदा से दूषित जलापूर्ति के मामले को भी उन्होंने विधानसभा में प्रमुखता से उठाया था. उन्होंने सरकार से स्थायी समाधान की मांग करते हुए फिल्टर प्लांट को अधिक गहराई में स्थापित करने सहित तकनीकी विकल्पों पर भी विचार करने का सुझाव दिया था.(नीचे भी पढ़े)

तकनीकी स्वीकृति से प्रशासनिक स्वीकृति तक लगातार जारी रखा प्रयास
विधायक पूर्णिमा साहू के प्रयासों से 50 एमएलडी क्षमता के नए इंटेक वेल के निर्माण के लिए विस्तृत परियोजना प्रतिवेदन तैयार हुआ और 67.36 करोड़ रुपये की प्राक्कलित राशि पर तकनीकी स्वीकृति प्राप्त हुई. इसके बाद, पूर्णिमा साहू ने मामले को केवल स्वीकृति तक सीमित नहीं रहने दिया. उन्होंने इसके शीघ्र क्रियान्वयन के लिए विभागीय स्तर पर प्रयास लगातार जारी रखा. इस मामले में उन्होंने नगर विकास एवं आवास विभाग के मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू, विभागीय सचिव एवं जिला प्रशासन के अधिकारियों से मुलाकात कर परियोजना को शीघ्र प्रशासनिक स्वीकृति देने और निर्माण कार्य प्रारंभ कराने का आग्रह किया. उनके लगातार प्रयासों के बाद अब परियोजना को प्रशासनिक स्वीकृति मिल गई है.(नीचे भी पढ़े)
जनता की समस्या को समाधान तक पहुंचाना प्राथमिकता : पूर्णिमा साहू
विधायक पूर्णिमा साहू ने कहा कि जनता की समस्याओं को विधानसभा में उठाना और उसके समाधान तक लगातार प्रयास करना उनकी प्राथमिकता है. मोहरदा जलापूर्ति योजना से जुड़ी समस्या लंबे समय से क्षेत्रवासियों के लिए चिंता का विषय रही है. नए इंटेक वेल के निर्माण से इस समस्या के स्थायी समाधान की दिशा में महत्वपूर्ण कदम आगे बढ़ा है. उन्होंने कहा कि परियोजना के पूरा होने के बाद बिरसानगर, बागुनहातु और आसपास के क्षेत्रों की बड़ी आबादी को स्वच्छ एवं नियमित पेयजल उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी. उन्होंने इस महत्वपूर्ण परियोजना को प्रशासनिक स्वीकृति मिलने पर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन, नगर विकास एवं आवास मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू एवं जिला प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त किया. उन्होंने कहा कि विधानसभा से लेकर विभागीय स्तर तक लगातार आवाज उठाने और स्वीकृति मिलने तक प्रयास जारी रखने के बाद अब मोहरदा जलापूर्ति योजना के विस्तार का रास्ता साफ हो गया है. जमशेदपुर पूर्वी की जनता के लिए यह स्वच्छ और पर्याप्त पेयजल की दिशा में एक बड़ी उम्मीद और सुखद परिणाम सामने आया है. गौरतलब है कि मोहरदा जलापूर्ति योजना के पुनर्जीविकरण, जीर्णोद्धार, संचालन एवं रख-रखाव के लिए पीपीपी मोड में 60 प्रतिशत हिस्सेदारी जुस्को लिमिटेड (अब टाटा स्टील यूआइएसएल) द्वारा पूर्व में स्वीकृत की जा चुकी है, जबकि 40 प्रतिशत हिस्सेदारी राज्य सरकार की होगी.




