जमशेदपुर : गौभक्ति, सनातन संस्कृति और आध्यात्मिक चेतना का भव्य संगम ‘श्री गो-कृपा कथा महोत्सव’ शुक्रवार से बिष्टुपुर कुसुम कमानी ऑडिटोरियम बिष्टुपुर में होने जा रहा है. पूर्वी सिंहभूम जिला अग्रवाल सम्मेलन, ध्यान फाउंडेशन एवं श्री गोपाल परिवार संघ के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित यह तीन दिवसीय गौ-कथा महोत्सव 18, 19 एवं 20 सितंबर तक प्रतिदिन शाम 4 से 7 बजे तक चलेगा. कथा के शुभारंभ से एक दिन पूर्व गुरुवार को आयोजन समिति द्वारा कुसुम कमानी ऑडिटोरियम में तैयारियों का विस्तृत निरीक्षण किया गया. मंच, श्रद्धालुओं के बैठने, प्रवेश, गौ-पूजन सहित तमाम व्यवस्थाओं को अंतिम रूप दिया गया और आयोजन को सफल बनाने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए. (नीचे भी पढ़ें)
साध्वी श्रद्धा दीदी की मौजूदगी में अंतिम तैयारियों का जायजा : कथा स्थल के पूर्ण निरीक्षण एवं व्यवस्थाओं को अंतिम रूप देने के दौरान साध्वी श्रद्धा दीदी स्वयं मौजूद रहीं. उन्होंने आयोजन स्थल की विभिन्न व्यवस्थाओं का जायजा लेते हुए आयोजन से जुड़े कार्यकर्ताओं को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए. साध्वी श्रद्धा दीदी ने कहा कि गौ-कथा केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि गौ-माता के प्रति श्रद्धा, सेवा और सनातन संस्कारों को जन-जन तक पहुंचाने का माध्यम है. उन्होंने सभी गौभक्तों से पूरे परिवार के साथ कथा में सहभागी बनने का आह्वान किया.
गौ-पूजन के साथ होगा शुभारंभ, तुला दान की भी व्यवस्था : आयोजकों ने बताया कि गौ-पूजन के साथ श्री गो-कृपा कथा महोत्सव का शुभारंभ होगा. कथा स्थल पर श्रद्धालुओं के लिए गौ-पूजन एवं तुला दान की भी विशेष व्यवस्था रहेगी. ग्वाल श्री जी महाराज अपनी अमृतवाणी से तीनों दिन गौ-महिमा, गौ-सेवा और सनातन जीवन में गौ-माता के आध्यात्मिक महत्व का वर्णन करेंगे. (नीचे भी पढ़ें)
ध्यान फाउंडेशन के निदेशक, वरिष्ठ समाजसेवी एवं गौभक्त राजकुमार अग्रवाल ने कहा कि गौ-माता सनातन संस्कृति की आस्था और जीवन-दर्शन का अभिन्न अंग हैं तथा गौ-कथा के माध्यम से समाज को गौसेवा और आध्यात्मिक चेतना से जोड़ने का यह विशेष अवसर है. उन्होंने शहर के सभी गौभक्तों से कथा में अधिक से अधिक संख्या में शामिल होने का आग्रह किया.
‘अपने आपको साक्षात भगवान से जोड़ने का मार्ग है गौ-कथा’ : आयोजन समिति ने कहा कि गौ-कथा का उद्देश्य केवल कथा सुनना नहीं, बल्कि गौ-महिमा के माध्यम से अपने भीतर श्रद्धा, सेवा और आध्यात्मिक भाव को जागृत करना है. आयोजकों के अनुसार, गौ-कथा अपने आपको साक्षात भगवान से जोड़ने की आध्यात्मिक अनुभूति का मार्ग प्रदान करती है. (नीचे भी पढ़ें)
महिला टीम भी पूरी श्रद्धा से जुटी : इस पूरे आयोजन को सफल बनाने में महिला टीम की भूमिका भी विशेष रूप से उल्लेखनीय है. आयोजन की तैयारियों से लेकर विभिन्न व्यवस्थाओं तक महिला कार्यकर्ता पूरी श्रद्धा, समर्पण और उत्साह के साथ जुटी हुई हैं. इनमें नूपुर तुलस्यान, अंजू चेटानी, भावना अग्रवाल, कविता अग्रवाल, श्रीजी गर्ग, मनीषा सांघी, खुशबू कौंटिया, राज दुलारी झाझरिया, ज्योति अग्रवाल, नेहा चौधरी, सपना भौका, निशा अग्रवाल, बाबूता मूनका सहित अन्य महिला कार्यकर्ता लगातार व्यवस्थाओं को अंतिम रूप देने में सक्रिय हैं. सभी श्रद्धालुओं से आग्रह किया गया है कि वे शाम 3:45 बजे तक अपना स्थान ग्रहण कर लें, ताकि ठीक 4 बजे कथा का शुभारंभ किया जा सके. (नीचे भी पढ़ें)
तैयारियों में जुटे रहे आयोजन समिति के सदस्य : अंतिम निरीक्षण एवं तैयारियों के दौरान राजकुमार अग्रवाल, सुमित्र साह, विजय आनंद मूनका, अभिषेक अग्रवाल गोल्डी, अश्विनी कुमार अग्रवाल, मंटूलाल अग्रवाल, मयूर सांघी, अंशुल रिंगासिया, विकास गर्ग, ओमप्रकाश मूनका, ऋषि जालान, राजेश अग्रवाल माधुरी, हेमंत अग्रवाल, केशव गोयल, बजरंग अग्रवाल, बाबलू अग्रवाल, प्रतीक, आदर्श सहित अनेक कार्यकर्ता एवं आयोजन समिति के सदस्य उपस्थित रहे. (नीचे भी पढ़ें)
18 से 20 सितंबर तक कुसुम कमानी ऑडिटोरियम में शाम 4 से 7 बजे तक होने वाला यह आयोजन जमशेदपुर में तीन दिनों तक गौभक्ति, आध्यात्मिकता और सनातन चेतना की अमृतधारा प्रवाहित करेगा. आयोजन समिति ने सभी गौभक्तों से सपरिवार उपस्थित होकर इस दिव्य गौ-कथा के साक्षी बनने का आग्रह किया है.




