जमशेदपुर : जमशेदपुर के कदमा शास्त्रीनगर में हुए हिंसा के मामले को लेकर हिंदू समाज की ओर से बनाये गये सर्वजन हिंदू समिति की बैठक मंगलवार को आहूत की गयी है. इस बैठक में हिंदुवादी संगठनों के अलावा भाजपा, भाजमो, आरएसएस, विश्व हिंदू परिषद समेत अन्य संगठनों के लोग भी शामिल है. हिंदुवादी सारे नेताओं और कार्यकर्ताओं को जमशेदपुर के बिष्टुपुर स्थित तुलसी भवन में मंगलवार की शाम 4 बजे से बुलायी गयी है. इस बीच राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री रघुवर दास ठीक इस बैठक के एक दिन पहले जमशेदपुर के घाघीडीह जेल चले गये और गिरफ्तार नेताओं से मुलाकात की. करीब 14 दिनों के बाद वे वहां गये थे. (नीचे भी पढ़ें)
उनके जाने के बाद उन्होंने डीजीपी से बात कर डीआइजी से मामले की जांच कराने का आदेश करा दिया. उनकी इस कार्रवाई और उनके इस जेल जाकर मुलाकात की टाइमिंग को लेकर सवाल उठ रहा है. सवाल यह उठाये जा रहे है कि क्या पूर्व सीएम और भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष रघुवर दास घाघीडीह जेल ठीक मीटिंग के पहले इसलिए गये ताकि मीटिंग की धार नहीं बच सके या फिर मीटिंग को ही खत्म करने के उद्देश्य से वे चले गये. 14 दिनों तक रघुवर दास का कोई बयान नहीं आया. ना ही वे जेल गये. (नीचे भी पढ़ें)
लेकिन ठीक सर्वजन हिंदू समिति की बैठक के एक दिन पहले वे चले गये और फिर डीआइजी के माध्यम से जांच कराने का आदेश करा दिया. यह हो सकता था कि वे पहले ही यह कदम उठाते, लेकिन मीटिंग के ठीक पहले उन्होंने ऐसा किया, जो भाजपा और हिंदुवादी संगठन के नेताओं के मन में भी सवाल उठा रहे है. हालांकि, अभी सबकी नजर मंगलवार को होने वाली बैठक पर टिकी हुई है.




