जमशेदपुर: जुगसलाई रामटेकरी रोड निवासी शारदा देवी भरतिया (उम्र 76 वर्ष) की आंखें मृत्यु के पश्चात भी रोशनी देती रहेगी. मारवाड़ी महिला मंच जमशेदपुर की पहल पर सोमवार 2 मार्च को शारदा देवी के निधन के पश्चात उनके पुत्र अरुण एवं विमल भरतिया की सहमति से उनका नेत्रदान करवाया गया. जिससे दो लोगों की दुनिया रोशन होगी. यह महान कार्य नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉक्टर अजय गुप्ता, नेत्रदान प्रमुख सुशीला खीरवाल एवं ललित सरायवाला के सहयोग से संभव हो पाया. इस नेक कार्य में रोशनी संस्था की अध्यक्ष तरु गांधी, सचिव परविंदर की भी अहम भूमिका रही. उनका अंतिम संस्कार भी आज संपन्न हो गया. मारवाड़ी महिला मंच की अध्यक्ष रानी अग्रवाल ने शोक व्यक्त करते हुए कहा कि ईश्वर इनकी आत्मा को चिर शांति प्रदान करें.इस प्रकार के नेत्रदान कार्य समाज के लिए मार्गदर्शन एवं मिसाल कायम करता है. (नीचे भी पढ़े)

उन्होंने बताया कि मारवाड़ी महिला मंच जमशेदपुर शाखा द्वारा कई सालों से नेत्रदान महादान पर अभियान चलाया जा रहा है. मृत्यु के पश्चात नेत्रदान करवाने में सक्षम भी हुए हैं. उन्होंने कहा कि मृत्यु के बाद यूं ही अपने शरीर को या तो जला देते हैं या फिर दफना दिया जाता है. इसलिए अगर मृत्यु पश्चात हम किसी दो व्यक्ति को रोशनी दे सकते हैं तो इससे अधिक पुनीत कार्य कुछ नहीं हो सकता. समाज के सभी बंधुओं से अपील है कि अगर किसी के घर में ऐसी घटना होती है और वे अगर नेत्रदान करवाने में इच्छुक हो तो सुशीला खीरवाल (9431952424) जया डोकानिया (9431302151) एवं ललिता सरायवाला (6203726105) से संपर्क कर सकते हैं. इस कार्य के लिए संस्था सभी सेवाएं निःशुल्क प्रदान करती है. मारवाड़ी महिला मंच का नारा है जीते जी रक्तदान, मृत्यु पश्चात नेत्रदान. अभी भी कई दृष्टिहीन लोगों को इंतजार है ऐसे समाजसेवी का जो मरकर भी अमर होकर किसी को रोशनी दे.







