
जमशेदपुर : जमशेदपुर पुलिस ने खाना बांटने के दौरान लॉकडाउन का उल्लंघन करने वाले लोगों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की गयी है. पुलिस ने पहली बार सरकारी कार्य में बाधा पहुंचाने की धारा 353 के तहत भाजपा के नेताओं के खिलाफ ही मुकदमा दायर किया गया है. भाजपा नेता उपेंद्र गिरी, दिनेश शर्मा और अजय श्रीवास्तव समेत अन्य भाजपा कार्यकर्ताओं के खिलाफ यह केस जमशेदपुर के कदमा थाना में दर्ज किया गया है. इसके तहत की गयी शिकायत में कहा गया है कि भाजपा के नेताओं द्वारा कदमा के उलियान स्थित आस्था इंक्लेव के पास लोगों को खाना बांटने का काम किया जा रहा था. इस दौरान काफी ज्यादा भीड़ लग चुकी थी.

इस भीड़ को नियंत्रित नहीं किया जा रहा था और सोशल डिस्टेंशिंग का भी पालन नहीं किया जा रहा था. थाना में दर्ज मामले में कहा गया है कि जब पूरे मामले की फोटोग्राफी पुलिस द्वारा की जा रही थी और रजिस्टर में वहां मौजूद लोगों के नाम की इंट्री की जा रही थी, तब भाजपा के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने हंगामा किया था और पुलिसवालों के काम को ही रोकने का प्रयास किया था. इसके बाद पुलिस ने इस मामले में धारा 353 के तहत मुकदमा दायर कर दिया है, जिसके तहत 353 गैर जमानतीय धारा है और यह सरकारी कार्य में बाधा पहुंचाने का मामला है. इसके अलावा कोविड-19 को लेकर लाये गये एपिडेमिक कानून और बिना अनुमति के जानलेवा संक्रमण को फैलाने और दूसरे की जान को खतरा में डालने एवं जानबूझकर इकट्ठा होने के आरोप में मुकदमा दायर किया गया है. अब तक किसी की गिरफ्तारी नहीं की गयी है.
सीतारामडेरा पुलिस ने गुरुवार को भी की थी कार्रवाई
जमशेदपुर पुलिस लगातार सोशल डिस्टेंसिंग नहीं मानने वाले लोगों के खिलाफ कार्रवाई कर रही है. इसके तहत गुरुवार को सीतारामडेरा पुलिस ने सामाजिक संस्था आश्रय परिवार के 15 लोगों के खिलाफ मुकदमा किया गया था. इसके तहत पांच लोगों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है. भाजपा नेता और पूर्व मुख्यमंत्री के भतीजे कमलेश साहू को भी आरोपी बनाया गया है. इस मामले में पांच लोगों को गिरफ्तार किया गया था. गिरफ्तार लोगों में नागेश प्रसाद, सुभाष पांडेय, विदेशी साहू, चंदा कुमारी और रमेश प्रसाद शामिल है.







