
जमशेदपुर/चाईबासा : झारखंड के पश्चिम सिंहभूम जिले में एक बार फिर से बंद पड़े आयरन ओर के खदानों को चालू कराने की प्रक्रिया शुरू कर दी गयी है. इसके तहत अब आयरन ओर के नये खदानों को चालू कराने के लिए ऑक्शन (नीलामी) की प्रक्रिया शुरू कर दी गयी है. इससे पहले मेरेगड़ा माइंस का 250.01 प्रतिशत प्रीमियम पर निलामी की गयी थी. इसके बाद पश्चिम सिंहभूम जिले के सारंडा जंगल के समीप स्थित टाटिबा बरायबुरु लौह अयस्क और मैगनीज अयस्क ब्लॉक की निलामी का टेंडर निकाला गया है. इसका संचालन पहले आदित्य बिड़ला ग्रुप की रामेश्वर जूट मिल किया करती थी, जिसका अब नये सिरे से टेंडर निकाला गया है. इ-निलामी के जरिये निलामी की जा रही है. इन खदानों को लेने के लिए एप्लाफ्ट मर्चेंट, आर्सेलर मित्तल, निप्पन स्टील, श्याम मिनेट, रुंगटा स्टील, जेएसडब्ल्यू स्टील, एमएसपीएल लिमिटेड, जिंदल स्टील व पावर लिमिटेड जैसी कंपनियों ने अपनी दावेदारी पेश कर दी है. इन कंपनियों में से मेसर्स श्याम श्याम मिनमेट प्राइवेट लिमिटेड, जेएसडबल्यू स्टील लिमिटेड, मेसर्स एमएसपीएल लिमिटेड, रूंगटा स्टील, और मेसर्स आर्सेलर मित्तल निपान स्टील इंडिया लिमिटेड ने टेक्निकल बिड में क्वालीफाई भी कर लिया है. (नीचे भी पढ़ें)
टाटिबा-बरायबुरू लौह व मैंगनीज अयस्क ब्लॉक के लिए अब इ-नीलामी शुरू हो गयी है. ऑनलाइन नीलामी के दौरान सबसे बड़ी बोली लगाने वाले कंपनी को राज्य सरकार कंपोजिट लाइसेंस देगी. बता दें, 258.98 हेक्टेयर क्षेत्रफल में टाटिबा-परायबुरू लौह और मैंगनीज अयस्क ब्लॉक फैला हुआ है. खान एंव भूतत्व विभाग के रिपोर्ट की बात करें तो इसके अनुसार अनुमानित लौह अयस्क डिपोजिट इसमें करीब 77.8 मिलियन टन साथ ही मैंगनीज अयस्क 3.613 मिलियन टन का है. साल 2020 में जिन लौह अयस्क खदानों की लीज अवधि खत्म हुई थी उन्हें अब सरकार की तरफ से ऑनलाइन नीलामी के जरिए खोलने की पहल शुरू की जा रही है. मेरेलगढ़ा लौह अयस्क ब्लॉक की पिछले दिनों ही सफल नीलामी हुई थी. अब दूसरी निजी खदान की ऑनलाइन नीलामी होने वाला है. बता दें, टाटिबा-बरायबुरू में अच्छा लौह अयस्क संसाधन उपलब्ध रहने की वजह से देश की 5 बड़ी स्टील निर्माता कंपनियां नीलामी में शामिल होने जा रही है. हालांकि ऐसे में यह देखना दिलचस्प होगा कि यह खदान अब किसके हाथ में आने वाली है.











