
सरायकेला : सरयकेला-खरसावां चौक के नेतृत्व में 1001 कांवरियों के जत्था ने पावन श्रावण महीने की सोमवारी पर कांवड़ यात्रा निकाली. इसके तहत सोमवार तडके प्रातः तकरीबन 5 बजे संजय नदी पहुंच कर पवित्र जल भरकर जल कलश कांवर के साथ कांवड़ यात्रा प्रारंभ की. इस दौरान कांवड़ियों द्वारा बोल बम और हर हर – महादेव के जयकारे लगाए जाते रहे. कांवड़ यात्रा के दौरान भगवान भोलेनाथ की मनमोहक भेष सज्जा आकर्षण का केंद्र रहा. इस दौरान सावन महीने और भगवान भोलेनाथ के गीत भी बजाए गए. तकरीबन 11 किलोमीटर की पैदल कांवड़ यात्रा कर भक्त कांवरिया सरायकेला के कुदरसाई स्थित बाबा बुद्धेश्वर भोलेनाथ शिव मंदिर पहुंचे. इस पूरे कांवड़ यात्रा के दौरान सरायकेला नगर पंचायत के पूर्व उपाध्यक्ष मनोज कुमार चौधरी व लीपू मोहंती भी शामिल रहे. बता दें कि सरायकेला के कुदरसाई स्थित बाबा बुद्धेश्वर महादेव शिव मंदिर, माजना घाट स्थित बाबा पंचमुखी महादेव शिव मंदिर, गेस्ट हाउस स्थित प्रसिद्ध महादेव शिव मंदिर, इंद्रटांडी स्थित बाबा बामदेव शिव मंदिर, डेली मार्केट, हंसाहुड़ी व थाना चौक शिव मंदिर के अलावा भुरकुली गांव स्थित बाबा विश्वनाथ शिव मंदिर, मानिक बाजार गांव स्थित बाबा महाकालेश्वर शिव मंदिर, विजय तरण गांव स्थित प्राचीन शिवालय व सीनी स्थित शिवालयों में शिव भक्तों का तांता लगा रहा. (नीचे भी पढ़ें)
हर- हर महादेव के जयकारे से पूरा क्षेत्र गूंजता रहा. इस अवसर पर शिव भक्तों ने भगवान भोलेनाथ का जलाभिषेक व दुग्धाभिषेक कर सुख, शांति और समृद्धि की मंगलकामना की. इस दौरान कतारबद्ध होकर बाबा बुद्धेश्वर भोलेनाथ शिवलिंग पर कांवरियों ने जलाभिषेक किया. और सुख शांति और समृद्धि की मंगल कामना की. मौके पर नगर पंचायत उपाध्यक्ष मनोज कुमार चौधरी ने बाबा बुद्धेश्वर महादेव भोलेनाथ के दरबार में मत्था टेकते हुए जलाभिषेक किया. और देश सहित विश्व भर के कोरोना से मुक्ति एवं विश्व शांति के लिए भगवान भोलेनाथ से मंगल प्रार्थना की. कांवड़ यात्रा के दौरान कांवरियों की सुरक्षा के लिए जहां प्रशासन की ओर से पुलिस बल साथ- साथ रहे. वहीं सेवादल द्वारा भी कांवड़ मार्ग में कांवरियों की सहायता के लिए बाइक और गाड़ियों से साथ रहे. जगह- जगह पर सेवा दलों द्वारा शिविर लगाकर कांवरियों को स्वच्छ पेयजल एवं मीठा शरबत पिलाया गया. गेस्ट हाउस शिव भक्त मंडली शिविर लगाकर कांवड़ यात्रा कर रहे कांवरियों को स्वच्छ शीतल पेयजल एवं मीठा शरबत पिलाया गया.



