
जमशेदपुर : टाटा स्टील नये मैटेरियल और उत्पादों के निर्माण की ओर तेजी से कदम बढ़ा रही है. पहले से ही न्यू मैटेरियल बिजनेस की ओर कंपनी आगे बढ़ा रही है. वैसे कोरोना काल में टाटा स्टील मेडिकल उत्पादों से जुड़े उत्पादन करने के लिए कदम उठायी है, जिसको लेकर कंपनी ने एक नयी टीम बनायी है. यह टीम समेकित तौर पर ग्रेफाइन (स्टील की तरह का ही मजबूत उत्पाद), मेडिकल मैटेरियल और अन्य सारे उपकरण बनाने के लिए क्या कंपनी कर सकती है, इस पर काम करेगी. इसके तहत संस्थागत तौर पर बदलाव किये गये है. इसके तहत हेड इंडस्ट्रियल एप्लीकेशन एंड इंजीनियरिंग आइएल 3 डॉ अर्नब रंजन मजुमदार को वीपी टेक्नॉलॉजी व न्यू मैटेरियल बिजनेस का सलाहकार बनाया है. वे जमशेदपुर से ही कामकाज देखेंगे. इसके अलावा कोलकाता से आइएल 4 स्तरत के अधिकारी सीनियर मैनेजर इंडस्ट्रियल एप्लीकेशन व इंजीनियरिंग के सीनियर मैनेजर कनक कुमार, हेड सेल्स ऑटो के पद पर आसीन संजीव कुमार विश्वास को हेड सेल्स कंपोजिट के तौर पर काम करने को कहा गया है. इसी तरह सीनियर मैनेजर इंडस्ट्रियल एपप्लीकेशन जदबेंद्र पति को आइएल 43 स्तर पर ही न्यू मैटेरियल बिजनेस का सीनियर मैनेजर बनाया गया है. न्यू मैटेरियल बिजनेस का आइएल 3 स्तर के अधिकारी हेड मार्केटिंग भी अधिकारी को बनाया गया है. इसके अलावा सीनियर मैनेजर ऑपरेशन व प्रोडक्शन प्लानिंग न्यू मैटेरयल बिजनेस को हेड मार्केटिंग एंड बिजनेस डेवलपमेंट अमिताभ दास को बनाया गया है. यह बदलाव वीपी टेक्नॉलॉजी व न्यू मैटेरियल बिजनेस डॉ देवाशीष भट्टाचार्जी ने किया है.





