
आदित्यपुर : जेबीवीएनएल द्वारा एचटीएसएस उपभोक्ताओं के बिजली दरों में की गई 38% वृद्धि के कारण बंद पड़े आदित्यपुर सहित कोल्हान के लगभग 25 इंडक्शन प्लांट एवं ऑटो सेक्टर में आई मंदी के कारण बंदी के कगार पर खड़ी आदित्यपुर औद्योगिक क्षेत्र की 800 इकाइयों के फलस्वरूप प्रत्यक्ष एवं परोक्ष रूप से करीब एक लाख मजदूरों के सामने रोजी-रोटी की समस्या के समाधान को लेकर आदित्यपुर नगर परिषद के पूर्व उपाध्यक्ष पुरेंद्र नारायण सिंह के नेतृत्व में एक 25 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल ने ऑटो क्लस्टर में झारखंड सरकार के उद्योग सचिव श्रीमान के रवि कुमार से मिलकर एक ज्ञापन सौंपा। प्रतिनिधिमंडल ने उद्योग सचिव से कहा कि जहां एक ओर डीवीसी रामगढ़, कोडरमा, तिलैया, गिरिडीह ,धनबाद (आंशिक) में 2.95 रुपए प्रति यूनिट विद्युत आपूर्ति कर रही है, वहीं जेबीवीएनएल सब्सिडी दर पर 4.25 रुपए प्रति यूनिट की दर से एचटीएसएस उपभोक्ताओं को विद्युत आपूर्ति कर रही है। झारखंड में अलग-अलग जगहों पर अलग-अलग बिजली दर से कोल्हान के उद्योगों को भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है। प्रतिनिधिमंडल में पुरेंद्र नारायण सिंह के अलावे अर्जुन प्रसाद यादव, सत्य प्रकाश, वीरेंद्र यादव, विजेंद्र प्रसाद, डॉक्टर लक्ष्मण ठाकुर, छविनाथ प्रसाद, कमलेश सिंह, रघुनाथ प्रसाद सिंह, प्रमोद गुप्ता, रवि शंकर शर्मा, मिथिलेश झा, संजय खान, दिलीप मंडल, अच्छेलाल पंडित सहित अन्य लोग शामिल थे।
उद्योग सचिव से की गयी मांग
- जेबीवीएनएल सभी एचटीएसएस उपभोक्ताओं को 1 अप्रैल 2019 से कम से कम 1 वर्ष के लिए सब्सिडी की घोषणा की जाये।
- या सरकार डीवीसी के दर पर एचटीएसएस उपभोक्ताओं को विद्युत आपूर्ति की जाये।
- ऑटो सेक्टर में आई मंदी के चलते टाटा मोटर्स आधारित बंदी के कगार पर पहुंच चुकी आदित्यपुर औद्योगिक क्षेत्र की करीब 800 इकाइयों की स्थिति में सुधार के लिए सरकार को मंदी अवधि में टाटा मोटर्स को सिर्फ स्थानीय उद्योगों को ऑर्डर( काम) देने का आदेश दिया जाना चाहिए।
- मंदी के कारण बैठाए गए अस्थाई कर्मचारियों/ दैनिक मजदूरों को सरकार को मुआवजा दिया जाये।







