जमशेदपुर : टाटा स्टील की शत-प्रतिशत सब्सिडियरी वाली कंपनी टाटा यूआइएसएल (पहले जुस्को) की अधीकृत यूनियन जुस्को श्रमिक यूनियन का चुनाव को लेकर झारखंड हाईकोर्ट ने बड़ा फैसला सुनाया है. झारखंड हाईकोर्ट के कोर्ट नंबर 14 के राजेश कुमार की खंडपीठ में इसकी सुनवाई हुई. इस सुनवाई के दौरान यूनियन के अध्यक्ष रघुनाथ पांडेय की ओर से अधिवक्ता इंद्रजीत सिन्हा, अंकित विशाल ने बहस किया. याचिकाकर्ता गोपाल जायसवाल की तरफ से अभिजीत कुमार, दीपक कुमार समेत अन्य अधिवक्ता ने बहस की. पहली पाली में कोर्ट में लगातार करीब डेढ़ घंटे तक बहस चली. इस बहस के दौरान याचिकाकर्ता की ओर से वकीलों ने यह कहा कि गलत तरीके से चुनाव कराया जा रहा था. इस कारण चुनाव को नये सिरे से डीसी और एसपी की देखरेख में चुनाव कराया जाये. वहीं, रघुनाथ पांडेय और उनकी टीम ने कहा कि सारी प्रक्रिया सही अपनाया गया है. आमसभा भी कराया गया है. गोपाल जायसवाल की ओर से आमसभा को सही बताया गया, लेकिन चुनाव को नये सिरे से कराने और नये लोगों को भी नामांकन का अधिकार देने की मांग की गयी. इस दौरान जज ने कहा कि आप लोग आपस में तय कर लें. लेकिन दूसरी पाली तक कुछ तय नहीं हो पाया, जिसके बाद गोपाल जायसवाल की याचिका को कोर्ट ने खारिज कर दिया. अब यह तय हो गया है कि जुस्को श्रमिक यूनियन का चुनाव रघुनाथ पांडेय और उनकी टीम ही करायेगी. आगे नये सिरे से मतदान की प्रक्रिया अपनायी जायेगी या नहीं, यह अब तक तय नहीं हो पाया है. चुनाव नहीं होने के कारण कर्मचारियों की कई मांगें पूरी नहीं हो पा रही है. वहीं, कई काम पेंडिंग पड़े हुए है. चुनाव होने से अब लोगों को आसानी से फैसला
क्या है मामला
जुस्को श्रमिक यूनियन में नयी कार्यकारिणी के लिए मार्च 2020 में कंपनी परिसर में आमसभा हुई थी. शिकायतकर्ता एसएल दास का आरोप है कि आमसभा की पूरी प्रक्रिया नहीं अपनायी गयी. खुद रघुनाथ पांडेय ने आमसभा करायी और खुद अध्यक्ष बन गये. को-ऑप्सन की प्रक्रिया भी नहीं अपनायी गयी. बाद में चलकर इस मामले में विपक्ष के नेता गोपाल जायसवाल भी सक्रिय हो गये. गोपाल जायसवाल ने भी झारखंड हाईकोर्ट में याचिका दायर की और इसमें अपना पक्ष रखा था, लेकिन अब यह याचिका खारिज हो गयी है.





