जमशेदपुर : जमशेदपुर के जुगसलाई थाना अंतर्गत ब्रांच राम टेकरी रोड स्थित कामसा स्टील इंटस्ट्रीज के कार्यालय में घुसकर दो हथियारबंद अपराधियों द्वारा 9.83 लाख रुपये लूट लिए गए थे. इस घटना के बाद पुलिस जांच में जुटी और पास ही लगे सीसीटीवी फुटेज को खंगाला. फुटेज में दोनों अपराधी कार्यालय में घुसते और निकलते दिख रहे है. 12 मिनट में घटना को अंजाम देने के बाद दोनों आराम से पैदल ही बाहर निकलते है और वहां से फरार हो जाते है. पुलिस सीसीटीवी फुटेज के आधार पर दोनों की पहचान कर चुकी है. फुटेज में दिख रहा है कि दोनों अपराधी 6.40 बजे कार्यालय में घुसते है और 6.52 बजे कार्यालय से बाहर निकलते है. इसी 12 मिनट में ही दोनों ने घटना को अजाम दिया. इस मामले को सुलझाने के लिए पुलिस टेक्निकल सेल का भी सहारा ले रही है. बता दे कि सांवरमल शर्मा का स्क्रैप का व्यवसाय है और सिंहभूम चेंबर ऑफ कॉमर्स के सचिव भी है. लूटे गए रुपये कर्मचारियों की वेतन के लिए रखा गया था. घटना के एक दिन पहले भी अपराधियों ने घटनास्थल की रेकी की थी. रविवार की शाम दोनों अपराधी पैदल ही अंदर गए और वहां बैठे कर्मचारी बजरंग लाल शर्मा को पिस्टल की बट से मारकर घायल कर दिया. दोनों ने अलमीरा में रखे रुपये लूटे और कार्यालय को बाहर से बंद कर फरार हो गए.
कोरोना काल के बाद अपराधियों के मंसूबे पर परवान चढ़ा, शहर में तेजी से बढ़ रहे अपराध का मूल जड़ नशाखोरी है-भाजमो
जमशेदपुर पूर्वी के विधायक प्रतिनिधि (व्यवसायी मामलों) आकाश शाह ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर रविवार की रात जुगसलाई में राम टेकरी रोड स्थित व्यवसायी के साथ हुए लूटपाट की घटना पर प्रशासनिक सक्रियता पर सवाल उठाया है और बढ़ते अपराध पर लगाम लगाने के जिला के वरिय अधिकारियों से विशेष अभियान चलाने की मांग की है. आकाश शाह ने कहा कि जमशेदपुर शहर में अपराधियों का मनबोल सातवे आसमान पर है. शहर का ऐसा कोई स्थान नहीं, जहां इनके गिरोह सक्रिय ना हो. छिनतई, चोरी, डकैती, लूटपाट, खून खराबा से लेकर सभी तरह के संगीन अपराध बेधड़क हो रहे हैं और प्रशासनिक व्यवस्था निष्फल साबित हो रहीं हैं. रविवार की शाम जुगसलाई राम टेकरी रोड में व्यवसायी के साथ पिस्तौल का भय दिखाकर हुई लूटपाट से पूरे शहर में लोगों की सुरक्षा पर सवाल खड़ा हो चुका है. विगत एक माह पूर्व साकची के होटल व्यवसायी के साथ इसी तरह की घटना को अंजाम दिया गया था. हालांकि कई एक मामलों में प्रशासन ने अपराधियों का धड़-पकड़ कर घटना का उदभेदन किया है. आए दिन विभिन्न बाजारों में दुकानों के छप्पर काटकर गल्ले से नकदी सहित सामानों की चोरी हो रही है. शहर में व्यापारी भय के साये में अपना व्यवसाय करने को विवश है. इस अपराध का मूल जड़ नशाखोरी है, जो कोरोना काल के बाद से बेहद ही तीव्र गति से शहर के हर कोने में अपने पांव पसार रहा है और बार-बार आंदोलन के बाद भी थाना स्तरीय अधिकारियों के लापरवाही के कारण यह कारोबार फल फूल रहा है. नशे के कारोबार को रोकने के लिए पूर्व डीआइजी कोल्हान ने संज्ञान लेते हुए पूर्वी सिंहभूम जिला में नारकोटिक्स सेल गठित करनें की बात कही थी, लेकिन वर्तमान प्रशासन की ऐसी कोई टीम कार्य नहीं कर रही हैं. आकाश शाह ने जिला के वरीय पुलिस अधीक्षक से आग्रह किया है कि वे इस नशे के रैकेट को जड़ से समाप्त करने के लिए विशेष अभियान चलाए और आम जनता, व्यवसायी, छात्र, समाजसेवियों के सहयोग से इस पर विराम लगाने का कार्य करें. इससे शहर अपराधमुक्त हो सके.





