रांची: झारखंड में राजनीतिक संकट के बीच झामुमो, कांग्रेस और राजद के नेता, विधायक और सांसदों की पूरी टीम गुरुवार की शाम राज्यपाल रमेश बैस से मुलाकात की. राज्यपाल से हुई मुलाकात के दौरान कांग्रेस सांसद गीता कोड़ा, झामुमो सांसद विजय हांसदा, राज्यसभा के कांग्रेस सांसद धीरज साहू और राज्यसभा से झामुमो सांसद महुआ माझी समेत अन्य लोग इस मुलाकात में शामिल थे. झामुमो के केंद्रीय महासचिव बिनोद पांडेय, सुप्रियो भट्टाचार्य, कांग्रेस के प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष बंधु तिर्की समेत कई नेता सीधे राज्यपाल से मिलने पहुंचे. इन लोगों ने साफ तौर पर कहा कि भ्रम की स्थिति राज्य में है. चुनाव आयोग का आदेश आया है, यह साफ करें कि आदेश क्या है और राज्य को अस्थिरता से बाहर निकाले, जल्द फैसला लें. राज्यपाल रमेश बैस ने मौजूद नेताओं को साफ तौर पर बताया कि चुनाव आयोग का आदेश आया है. उसका अध्ययन कर रहे है. कानूनी जानकारी ली जा रही और दो दिनों के भीतर राज्य की जो अनिश्चितता है, उसको दूर कर लिया जायेगा.
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन खेल सकते है बड़ा दावं
पत्थर खनन लीज आवंटन को लेकर ऑफिस ऑफ प्रॉफिट केस का सामना कर रहे हेमंत सोरेन बड़ा दांव चल सकते हैं. ऐसी संभावना है कि सीएम सोरेन कैबिनेट बैठक के बाद इस्तीफा दे सकते हैं. चुनाव आयोग की ओर से की गई सिफारिश पर राज्यपाल के फैसले से पहले वह खुद ही विधायकी और सीएम पद से इस्तीफा दे सकते हैं. इस्तीफा देने के बाद नए सिरे से दावा पेश कर सकते हैं. कैबिनेट बैठक के बाद यूपीए का एक प्रतिनिधिमंडल के राजभवन जाने की सूचना है. महागठबंधन के 31 से अधिक विधायकों को पहले ही छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर भेज दिया गया है. यह कदम ऐसे समय पर उठाया गया जब राजभवन से किसी भी समय उनकी सदस्यता पर फैसला आ सकते है. चुनाव आयोग ने ऑफिस ऑफ प्रॉफिट केस की जांच के बाद अपनी सिफारिश राज्यपाल रमेश बैस को भेज दिया था. इस मामले में हेमंत सोरेन की सदस्यता रद्द करने की सिफारिश की गई है.इस बीच हेमंत सोरेन अपनी सदस्यता जाने की स्थिति से छुटकारा पाने के लिए वे खुद इस्तीफा सौंप सकते है. इस्तीफा देने के बाद वह एक बार फिर सरकार बनाने का दावा पेश करेंगे. इस तरह वह सीएम पद पर कायम रह सकेंगे. हालांकि, छह महीने के भीतर उन्हें दोबारा विधानसभा की सदस्यता लेनी होगी. हेमंत सोरेन के इस्तीफे की अटकलों के बीच जेएमएम का प्रतिनिधिमंडल राज्यपाल रमेश बैस से मुलाकात करने जा रहा है. राजभवन से इसकी पुष्टि की गई है.
क्या है विधानसभा का अंकगणित
कुल सीट -81
सत्तापक्ष: झामुमो- 30 कांग्रेस-18, राजद-01, सीपीआई( माले)-01
विपक्ष: भाजपा- 26 आजसू-2, निर्दलीय- 02




