
जमशेदपुर : जमशेदपुर के जाने माने दंत विशेषज्ञ डॉ शहंशाह खान (60) का रविवार देर रात निधन हो गया. उनका इलाज तामोलिया स्थित ब्रह्मानंद अस्पताल में चल रहा था. रविवार देर रात ढाई बजे उन्होंने आखिरी सांस ली. 25 अक्टूबर को उनकी तबीयत खराब होने पर उन्हे ब्रह्मानंद अस्पताल में भर्ती कराया गया था. 14 दिनों से वे वेटिलेटर पर थे. डॉ खान किडनी, मधुमेंह और ब्लड प्रेशर के मरीज थे. उन्हे सांस लेने में भी परेशानी होती थी. डॉ खान गरीबों के लिए भगवान थे. उन्होने आर्थिक रुप से कमजोर मरीजों का मुफ्त में इलाज किया. उन्होने लायेला स्कूल से अपनी पढ़ाई पूरी की है. आगे की पढ़ाई उन्होने अलीगढ़ मुस्लिम युनिवर्सिटी में की. डेंटल की पढ़ाई के लिए उन्होने बेंगलुरु स्थित देवानगिरी का रुख कर लिया. पढ़ाई पूरी करने के बाद उन्होने टीएमएच में अपना योगदान दिया. बाद में उन्होने अपना क्लीनिक खोला. उनके पुत्र डॉ एस खान भी दंत चिकित्सक है. उनके दोस्त डॉ साहिर पाल फिलहाल जमशेदपुर में अपर मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी (एसीएमओ) है. उन्होंने भी गहरा दुख प्रकट करते हुए कहा कि डॉ शहंशाह के निधन से एक युग की अंत हो गया. डॉ शहंशाह खान की पार्थिव शरीर को धतकीडीह कब्रिस्तान में दफनाया गया. उनको वैसे डॉ खान साहब के नाम से जाना जाता था.







