
जमशेदपुर : जमशेदपुर में फुटपाथी दुकानदारों की समस्या सुलझने के बजाय दिन प्रतिदिन उलझती ही जा रही है. वैसे यहां के लिए यह कोई नई समस्या नहीं है. बार-बार जिला प्रशासन इन्हें कहीं न कहीं जगह देता है, लेकिन ये दुकानदार फिर से बाजारों में अपना डेरा-डंडा जमा लेते हैं. नतीजा इन्हें जो जगह अलॉट किया जाता है उसे ये दुकानदार या तो किराए पर दे देते हैं, या पट्टे पर दे देते हैं और पुनः बाजारों में अपना डेरा- डंडा जमा लेते हैं. एक बार फिर से जमशेदपुर जिला प्रशासन की ओर से इन्हें साकची आम बागान में अस्थायी दुकान लगाने की अनुमति दी गई है, लेकिन इन्होंने आम बागान में यह कहते हुए दुकान लगाने से मना कर दिया कि जिला प्रशासन पहले चिन्हित करें कि कौन दुकानदार यहां दुकान लगाएगा कौन नहीं. इसके अलावा इन्होंने वहां समुचित व्यवस्था किए जाने की भी मांग की है. मतलब फुटपाथी दुकानदार अपने शर्त पर दुकान लगाएंगे. वैसे जिला प्रशासन ने इन्हें वेंडिंग जोन बनाए जाने का भरोसा दिलाया है. बहरहाल एक बार फिर से फुटपाथी दुकानदार जिला प्रशासन पर दबाव बनाने में जुट गए हैं. बताया जाता है कि लगभग साढे चार सौ के आसपास फुटपाथी दुकानदार हैं. इससे पूर्व जमशेदपुर में अमर मार्केट, संजय मार्केट और शालिनी मार्केट फुटपाथी दुकानदारों को व्यवस्थित करने के लिए बनाया जा चुका है. आज की तारीख में ज्यादातर दुकानदार उन मार्केट में नहीं है. सभी किराए पर हैं, या तो पट्टे पर हैं.






