रांची: रांची स्थित उषा मार्टिन विश्वविद्यालय में गुरुवार को पहला दीक्षांत समारोह हुआ. समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में राज्यपाल सीपी राधाकृष्णन शामिल हुए. उन्होंने कहा कि शिक्षा मानव जाति के लिए सबसे बड़ा उपहार है. शिक्षा ही एक माध्यम है, जिससे हम अपनी प्रतिभा को उभार सकते हैं. जीवन को सफल बना सकते हैं. उषा मार्टिन विश्वविद्यालय बच्चों को शिक्षा दे रही है और दुनिया में प्रतियोगिता के लिए तैयार कर रही है. राज्यपाल ने कहा कि नई शिक्षा नीति 2020 प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रमुख पहलों में से एक है. उन्होंने समाज की शिक्षा पर जोर दिया है. (नीचे भी पढ़े)
विश्वविद्यालयों को नई शिक्षा नीति 2020 लागू करना चाहिए. उन्होंने छात्रों से कहा कि आपने स्नातक और स्नातकोत्तर करने के दौरान कड़ी मेहनत की है. आपने सीखने के लिए अपनी प्रतिबद्धता का प्रदर्शन किया है. ज्ञान और कौशल हासिल किया है, जो आपको अपने सपनों को आगे बढ़ाने और दुनिया को सकारात्मक रूप से प्रभावित करने में सक्षम बनाएगा. जब आप विश्वविद्यालय छोड़ते हैं और वास्तविक दुनिया में कदम रखते हैं, मैं आपसे आग्रह करता हूं कि आप अपनी शिक्षा का उपयोग न केवल अपने करियर को आकार देने के लिए करें, बल्कि समाज की बेहतरी में योगदान देने के लिए भी करें. डिग्री और पीजी के 18 छात्र-छात्रों को गोल्ड मेडल दिया गया. वहीं 577 छात्र-छात्राओं को डिग्री दी गयी. सुपर 30 के संस्थापक आनंद कुमार को डीलिट की मानक उपाधि दी गई. (नीचे भी पढ़े)
सुपर 30 के संस्थापक आनंद कुमार ने कहा – मैं उषा मार्टिन विश्वविद्यालय के प्रति आभार व्यक्त करता हूं. काम करते- करते आज ऐसा वक्त आया है कि मुझे इस काबिल समझा गया और डीलिट की उपाधि दी गई. मैं ज्यादा से ज्यादा बच्चों तक पहुंच पांऊ और उन्हें पढ़ा पांऊ. उन्हें इस लायक बना पाऊं कि वे इतना अच्छा करें कि भारत आने वाले समय में विश्व गुरु बने. आप अपने आप को कभी कम नहीं समझे. मेरे साथ भी कई उतार- चढ़ाव आए. हमले भी हुए. लेकिन मैंने हार नहीं मानी. कई प्रधानमंत्रियों ने मुझे चंदे का भी ऑफर किया, लेकिन मैंने नहीं लिया.उषा मार्टिन विश्वविद्यालय के कुलाधिपति प्रभात कुमार, प्रति कुलाधिपति सुरेश गर्ग, कुलपति मधुलिका कौशिक, विश्वविद्यालय के अध्यक्ष गोयल और विश्वविद्यालय के कुलसचिव समेत अन्य पदाधिकारी शामिल रहे. उषा मार्टिन विश्वविद्यालय के संस्थापक सदस्य बसंत कुमार झवर ने वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से अपना संदेश दिए.




