रांची: झारखंड विधानसभा का शीतकालीन सत्र 5 दिसंबर से शुरू हुआ. कुल पांच कार्य दिवसों का यह सत्र 11 दिसंबर तक चलेगा. इस सत्र के दौरान वित्त वर्ष 2025-26 के लिए दूसरा अनुपूरक बजट में पेश किया जायेगा. शीतकालीन सत्र के दूसरे कार्य दिवस पर यानि 8 दिसंबर को सरकार 11,000 करोड़ रुपए का अनुपूरक बजट सदन में पेश करेगी.5 दिसंबर को दिन 11 बजे सदन की कार्यवाही शुरू हुई. शीतकालीन सत्र के पहले दिन मॉनसून सत्र के दौरान सरकार द्वारा दिए गए आश्वासनों के अनुपालन में एटीआर पेश किया गया. सरयू राय द्वारा मॉनसून सत्र के दौरान जमशेदपुर और इसके सीमापवर्ती ईलाकों में जाम की समस्या पर सवाल उठाया था.इस पर सरकार ने जवाब दिया है कि मानगो चौक-पायल सिनेमा छोर अंश के दोहरीकरण प्रस्ताव की स्थलीय संभाव्यता निरीक्षण किया गया है. अन्ना चौक से गोविन्दपुर पथ तक 4-लेन एवं पहुंच पथ निर्माण कार्य प्रस्तावित है. (नीचे भी पढ़े)
मॉनसून सत्र के दौरान मथुरा महतो और सबिता महतो ने धनबाद के बलियापुर प्रखंड के आसनबनी गांव में हुई घटना की उच्चस्तरीय जांच की मांग की थी. इस पर कहा गया है कि धनबाद जिला के बलियापुर अंचल में सेल की टासरा ओपन कास्ट परियोजना के लिए 41.11 एकड़ जमीन का अधिग्रहण किया गया है. इस जमीन पर विस्थापित परिवारों के लिए पुनर्वासन कॉलोनी बनाई जाएगी.पहले दिन शोक प्रस्ताव के बाद सदन की कार्यवाही सोमवार तक के लिए स्थगित कर दी गयी. आजसू विधायक निर्मल महतो उर्फ तिवारी महतो बकाया छात्रवृत्ति की मांग को लेकर सदन के बाहर धरना पर बैठे. उन्होंने आदिवासी, दलित एवं पिछड़े वर्ग के छात्रों की बकाया पोस्ट–मैट्रिक छात्रवृत्ति के शीघ्र भुगतान की मांग की. ग्रामीण विकास मंत्री दीपिका पांडेय सिंह ने कहा कि सरकार विपक्ष के सवालों का जवाब देने के लिए तैयार है, लेकिन सरना धर्म कोड का क्या हुआ, यह भी जानना चाहते हैं. उन्होंने कहा कि यह सत्र काफी अहम है, जिसमें द्वितीय अनुपूरक के अलावा कई विधेयक भी आएंगे. स्पीकर रवींद्रनाथ महतो ने शीतकालीन सत्र को लेकर तय औपबंधिक कार्यक्रमों की जानकारी देते हुए कहा कि 8 दिसंबर को द्वितीय अनुपूरक बजट पेश किया जाएगा.9 दिसंबर को ही सदन में विनियोग विधेयक लाया जाएगा. अध्यक्ष श्री महतो ने बताया कि 10 दिसंबर यानी बुधवार को सदन में प्रश्नकाल के अलावा राजकीय विधेयक आएगा. राजकीय विधेयक पर चर्चा के उपरांत इसे पारित किया जाएगा. उन्होंने कहा कि विधेयकों की संख्या अधिक होने की स्थिति में 11 दिसंबर को सदन में उन्हें उपस्थापित किया जाएगा.



