रांची: जम्मू-कश्मीर के डोडा जिले में हुए भीषण सड़क हादसे में शहीद हुए भारतीय सेना के जवानों के पार्थिव शरीर शुक्रवार देर रात रांची लाए गए. जैसे ही शहीदों के पार्थिव शरीर बिरसा मुंडा एयरपोर्ट पहुंचे, वहां मौजूद हर व्यक्ति की आंखें नम हो गईं. सेना, प्रशासन और जनप्रतिनिधियों ने भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए वीर जवानों को अंतिम सलामी दी. एयरपोर्ट परिसर में राज्य के वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने शहीदों के पार्थिव शरीर पर पुष्प अर्पित किए. इस मौके पर सेना के वरिष्ठ अधिकारी, जिला प्रशासन और पुलिस के वरीय पदाधिकारी भी उपस्थित रहे. वित्त मंत्री ने कहा कि देश की रक्षा में शहीद जवानों का सर्वोच्च बलिदान कभी भुलाया नहीं जा सकता. राज्य सरकार शहीदों के परिजनों के साथ खड़ी है और उन्हें हरसंभव सहायता प्रदान की जाएगी.विदित हो कि 22 जनवरी को जम्मू-कश्मीर के डोडा जिले में सेना का एक वाहन अनियंत्रित होकर गहरी खाई में जा गिरा था.(नीचे भी पढ़े)
इस हादसे में 10 जवान शहीद हो गए थे, जबकि 11 जवान गंभीर रूप से घायल हो गए थे. सभी जवान ऑपरेशनल ड्यूटी के लिए तैनाती स्थल की ओर जा रहे थे. इस हादसे में शहीद हुए जवानों में रांची के तिरिल निवासी अजय लकड़ा और पश्चिम बंगाल के पुरुलिया जिले के झालदा थाना क्षेत्र अंतर्गत पुंडा गांव निवासी 24 वर्षीय प्रद्युम्न लोहारा भी शामिल हैं. खराब मौसम के चलते विमान सेवा में देरी होने के कारण शहीदों के पार्थिव शरीर देर रात रांची पहुंचे. प्रशासन के अनुसार, शनिवार सुबह शहीद प्रद्युम्न लोहारा के पार्थिव शरीर को उनके पैतृक गांव झालदा, पुरुलिया ले जाया जाएगा. वहीं, शहीद अजय लकड़ा का अंतिम संस्कार रांची में पूरे सैन्य सम्मान के साथ किया जाएगा. इस दौरान रांची एयरपोर्ट कुछ देर के लिए भारत माता की जय और शहीद अमर रहें के नारों से गूंज उठा. पूरे राज्य में वीर सपूतों के बलिदान पर गर्व और गहरे शोक का माहौल देखने को मिला.




