नई दिल्ली : विदेश मंत्रालय ने गुरुवार शाम प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पहलगाम हमले के बाद भारत की ओर से मंगलवार तड़के पाकिस्तान स्थित 9 आतंकी ठिकानों के विरुद्ध की गई कार्रवाई एवं उसके बाद पाकिस्तान की ओर से भारतीय ठिकानों पर की गई हमलों की कोशिशों को नाकाम किये जाने के संबंध में विस्तार से जानकारी दी. विदेश सचिव विक्रम मिसरी के साथ भारतीय सेना की ओर से कर्नल सोफिया कुरैशी एवं विंग कमांडर व्योमिका सिंह ने पाकिस्तानी सेना की ओर से की जा रही उकसावे की कार्रवाइयों एवं उन्हें भारतीय सैनिकों द्वारा नाकाम किये जाने की पूरी जानकारी दी. (नीचे भी पढ़ें)
प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए कर्नल सोफिया कुरैशी ने कहा कि मंगलवार को ऑपरेशन सिंदूर पर प्रेस ब्रीफिंग में भारत ने अपनी कार्रवाई को केंद्रित, सीमित और गैर भड़कानेवाली कार्रवाई बताने के साथ ही पाकिस्तानी सैन्य ठिकानों को निशाना नहीं बनाने का भी विशेष रूप से उल्लेख किया था. यही नहीं, यह भी दोहराया गया था कि भारत में सैन्य ठिकानों पर कोई भी हमला उसके उचित जवाब को आमंत्रित करेगा. इसके बावजूद पाकिस्तान ने बुधवार की रात ड्रोन और मिसाइलों का उपयोग कर अवंतीपुरा, श्रीनगर, जम्मू, पठानकोट, अमृतसर, कपूरथला, जालंधर, लुधियाना, आदमपुर, भटिंडा, चंडीगढ़, नल, फलौदी, उत्तरलाई और भुज सहित भारत के उत्तरी एवं पश्चिमी भागों में स्थित सैन्य ठिकानों को निशाना बनाने की कोशिश की. हालांकि. उन्होंने बताया कि इन पाकिस्तानी हमलों को एकीकृत काउंटर यूएएस ग्रिड और एयर डिफेंस सिस्टम द्वारा बेअसर कर दिया गया. इन हमलों के मलबे अब कई स्थानों से बरामद किए जा रहे हैं जो पाकिस्तानी हमलों को साबित करते हैं.” (नीचे भी पढ़ें)
कर्नल सोफिया कुरैशी ने कहा, “आज सुबह, भारतीय सशस्त्र बलों ने पाकिस्तान में कई स्थानों पर वायु रक्षा रडार और प्रणालियों को निशाना बनाया. उन्होंने बताया कि भारत ने भी उसका समान क्षेत्र में और समान तीव्रता के साथ जवाब दिया. उन्होंने बताया कि विश्वसनीय रूप से पता चला है कि लाहौर में एक वायु रक्षा प्रणाली को निष्प्रभावी कर दिया गया है…” (नीचे भी पढ़ें)
विंग कमांडर व्योमिका सिंह ने बताया कि पाकिस्तान ने जम्मू-कश्मीर के कुपवाड़ा, बारामुला, उरी, पुंछ, मेंढर और राजौरी सेक्टरों में मोर्टार और भारी कैलिबर आर्टिलरी से नियंत्रण रेखा पर अपनी अकारण तेज गोलीबारी की, जिसमें 16 निर्दोष लोगों की जान चली गई है. इनमें तीन महिलाएं और पांच बच्चे शामिल हैं. उन्होंने बताया कि भारत ने मजबूरी में पाकिस्तानी गोलीबारी को रोकने के लिए का जवाब दिया. उन्होंने कहा कि भारत अपनी ओर से युद्ध भड़काने वाली कोई कार्रवाई नहीं करने के प्रति प्रतिबद्ध है, बशर्ते पाकिस्तानी सेना इसका सम्मान करे. (नीचे भी पढ़ें)
विदेश सचिव विक्रम मिसरी ने कहा कि संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद् में पहलगाम के बारे में चर्चा के दौरान पाकिस्तान ने द रजिस्टेंस फ्रंट (टीआरएफ) की भूमिका के उल्लेख का विरोध किया था. ऐसा तब हुआ जब स्वयं टीआरएफ एक नहीं दो-दो बार इसकी जिम्मेवारी ले चुका था. कर्नल कुरैशी और विंग कमांडर सिंह ने कल और आज भी स्पष्ट किया कि भारत की प्रतिक्रिया गैर-बढ़ाने वाली, सटीक और नपी-तुली है. हमारा इरादा मामले को बढ़ाने का नहीं और हम केवल पाकिस्तानी कार्रवाई का जवाब दे रहे हैं. भारत की ओर से किसी भी सैन्य ठिकाने को निशाना नहीं बनाया गया है, केवल आतंकी ढांचे ही नष्ट किये गये हैं. (नीचे भी पढ़ें)
उन्होंने बताया कि भारतीय सशस्त्र बलों ने ऑपरेशन सिंदूर के बाद पाकिस्तान की जवाबी कार्रवाई को नाकाम करते हुए उसके एयर डिफेंस सिस्टम को भी निशाना बनाते हुए उसे नष्ट कर दिया. उन्होंने बताया कि बुधवार की रात पाकिस्तान की ओर से 15 भारतीय सैन्य ठिकानों पर हमले की कोशिश की गई, जिसे भारतीय वायुसेना ने अपने एस-400 एयर डिफेंस सिस्टम के जरिए विफल कर दिया. इसके जवाब में, भारतीय सेना ने गुरुवार सुबह पाकिस्तान के कई स्थानों पर एयर डिफेंस रडार और सिस्टम, विशेष रूप से लाहौर में एचक्यू-9 मिसाइल डिफेंस यूनिट को नष्ट कर दिया. उन्होंने कहा कि यह कार्रवाई भारत की सैन्य ताकत और रक्षा तैयारियों के प्रदर्शन कि लिए काफी है, जिसने पाकिस्तान की किसी भी आक्रामक प्रतिक्रिया को प्रभावी ढंग से बेअसर किया.



