जमशेदपुर : टाटा स्टील के कर्मचारियों के अच्छे दिन शुरू हो गये है. कंपनी के कर्मचारियों के हुए वेज रिवीजन समझौता का फिटमेंट स्लिप सारे कर्मचारियों को दे दिया गया है. यह स्लिप मिलते ही कर्मचारियों के चेहरे खिल गये. बुधवार को कंपनी प्रबंधन की ओर से कंपनी के अधिकारिक साइट पर इसको अपलोड कर दिया गया. इसको सारे कर्मचारी अपने से डाउनलोड कर सकते है. इसके तहत कर्मचारियों को जून और जुलाई माह का एलाउंस का एरियर, बढ़ा हुआ एलाउंस और बढ़ा हुआ वेतन अगले माह आ जायेगा. इसके अलावा 1 जनवरी 2025 का एरियर स्टील वेज का 5 फीसदी, नया ग्रेड का 10 फीसदी एरियर की राशि एमजीबी के तौर पर अक्तूबर माह के वेतन के साथ मिलेगा. इसके बाद 1 जुलाई 2026 के पुराना ग्रेड का 5 फीसदी और नया ग्रेड का 2.75 फीसदी एमजीबी के तहत बढ़ा हुआ वेतन अक्तूबर माह से आने लगेगा. कर्मचारियों के एकाउंट में अभी सिर्फ पैसे ही पैसे दिखने वाला है. गौरतलब है कि, टाटा स्टील के कर्मचारियों का वेतन समझौता 24 जून को वेज रिवीजन समझौता हुआ था. (नीचे भी पढ़ें)
इसके तहत कर्मचारियों के वेतन में न्यूनतम 16,111 और अधिकतम 30,793 रुपये प्रति माह की बढ़ोतरी हुई है. अब अधिकतम वेतनमान 1 लाख 36 हजार 535 रुपये प्रति माह हो गया है. यह समझौता सात साल के लिए हुआ है, जो 1 जनवरी 2025 से 31 दिसंबर 2031 तक लागू होगा. समझौता के तहत ओल्ड सीरीज (ओएस) के कर्मचारियों का एमजीबी (मिनिमम गारंटीड बेनीफिट) वर्तमान बेसिक और डीए का 10 फीसदी किया गया है. हालांकि, 1 जनवरी 2025 से 31 मार्च 2026 तक 5 फीसदी का एमजीबी होगा. 1 अप्रैल 2026 से अतिरिक्त 5 फीसदी एमजीबी मिलेगा. इसके अलावा एलाउंस में करीब 3 हजार रुपये प्रतिमाह की बढ़ोतरी की गयी है, जबकि 3 फीसदी बेसिक सैलरी का सालाना इंक्रीमेंट होगा. ओल्ड सीरीज ग्रेड के शत-प्रतिशत वेरिएबल डीए (वीडीए) को समायोजित कर दिया गया है. (नीचे भी पढ़ें)
वीडीए के समायोजन और सारे एलाउंस के भुगतान के बाद ओएस-1 ग्रेड कर्मियों का न्यूनतम वेतनमान अब 86,055 रुपये प्रतिमाह हो गया है, पहले 54,025 प्रतिमाह था. वहीं, पुराना ग्रेड की सबसे उच्च श्रेणी ओएस-12 का वेतन बढ़कर 1,36,535 रुपये प्रतिमाह हो गया है. पहले 85,720 रुपये था. एनएस ग्रेड के कर्मचारियों के एमजीबी में न्यूनतम 5500 और अधिकतम 9300 रुपये प्रतिमाह की बढ़ोतरी की गयी है. औसतन एमजीबी 8810 रुपये प्रतिमाह किया गया है. एनएस ग्रेड का एमजीबी 1 जनवरी 2025 से एक भाग में लागू होगा और दूसरा भाग में 1 अप्रैल 2026 से लागू होगा. इस आधार पर कर्मचारियों को अक्तूबर में एरियर की राशि मिलेगी. लेकिन वैसे कर्मचारी, जो कंपनी से रिटायर हो गये या इएसएस ले चुके हैं या किसी स्थिति में कंपनी से अलग हो गये हैं, उनको 50 फीसदी एरियर ही मिलेगा.







