जमशेदपुर : भारतीय संस्कृति एवं सनातन परंपरा में पूजनीय गौ माता की आध्यात्मिक, सामाजिक एवं सेवा-परंपरा को जन-जन तक पहुंचाने के उद्देश्य से जमशेदपुर में आगामी 18 से 20 सितंबर 2026 तक तीन दिवसीय ‘श्री गौ कृपा कथा महोत्सव’ का भव्य आयोजन किया जाएगा. कथा प्रतिदिन गोधूलि बेला में शाम 4 बजे से 7 बजे तक बिष्टुपुर स्थित कुसुम कमानी ऑडिटोरियम, नरभेराम हंसराज इंग्लिश स्कूल में आयोजित होगी. महोत्सव का आयोजन ध्यान फाउंडेशन गौशाला, चाकुलिया, पूर्वी सिंहभूम जिला अग्रवाल सम्मेलन एवं श्री गोपाल परिवार सेवा संघ के संयुक्त तत्वावधान में किया जा रहा है. (नीचे भी पढ़ें)

व्यासपीठ पर विराजमान होंगे ‘ग्वाल संत श्री’ : इस तीन दिवसीय कथा महोत्सव में व्यासपीठ पर 31 वर्षों से अनवरत चल रही ‘गौ पर्यावरण एवं अध्यात्म चेतना पदयात्रा’ के प्रणेता, परम पूज्य भैरव उपासक ग्वाल संतश्री गोपालाचार्य स्वामी गोपालानंद सरस्वती जी महाराज विराजमान होंगे और श्रद्धालुओं को गौ-महिमा एवं सनातन संस्कृति के आध्यात्मिक संदेश से अवगत कराएंगे. (नीचे भी पढ़ें)
परम पूज्य स्वामी गोपालानंद सरस्वती जी महाराज ने गौ-सेवा, पर्यावरण संरक्षण और आध्यात्मिक चेतना के प्रसार को अपने जीवन का ध्येय बनाया है. राजस्थान की ऐतिहासिक भूमि हल्दीघाटी से प्रारंभ हुई उनकी 31 वर्षीय ‘गौ पर्यावरण एवं अध्यात्म चेतना पदयात्रा’ का संकल्प देश के हजारों गांवों, नगरों एवं शहरों तक गौ-संरक्षण, गौ-सेवा, पर्यावरण और अध्यात्म का संदेश पहुंचाना है. उनके सानिध्य में गौ-कृपा कथा, बेसहारा एवं घायल गौवंश की सेवा, गौशालाओं के संवर्धन और गौ-चिकित्सा जैसे अनेक सेवा कार्यों के माध्यम से समाज में निरंतर जनजागरण किया जा रहा है. पूर्वी सिंहभूम जिला अग्रवाल सम्मेलन के अध्यक्ष मंटू अग्रवाल ने बताया कि भारतीय संस्कृति में गौ माता का स्थान अत्यंत पवित्र एवं पूजनीय है. श्रीमद्भागवत महापुराण सहित विभिन्न पुराणों एवं धर्मग्रंथों में गौ-महिमा का विस्तार से वर्णन मिलता है. गौ माता का महत्व केवल आध्यात्मिक दृष्टि से ही नहीं, बल्कि सामाजिक, आर्थिक एवं पारंपरिक जीवन-पद्धति की दृष्टि से भी अत्यंत व्यापक रहा है. दूध, दही, घी, गोमूत्र और गोबर से जुड़ी पंचगव्य की परंपरा सनातन संस्कृति का अभिन्न अंग रही है. गौ-सेवा, गौ-पूजन एवं गौ-महिमा के श्रवण को भारतीय धर्म-परंपरा में विशेष पुण्यदायी माना गया है. (नीचे भी पढ़ें)
चाकुलिया में 25 हजार से अधिक गौवंश की सेवा : ध्यान फाउंडेशन द्वारा पूर्वी सिंहभूम जिले के चाकुलिया में संचालित विशाल गौशाला में 25,000 से अधिक गौवंश की सेवा, सुरक्षा, चिकित्सा एवं देखभाल की जा रही है. सरकार एवं जिला प्रशासन द्वारा समय-समय पर तस्करी एवं अवैध वध से बचाए गए गौवंश को भी यहाँ आश्रय प्रदान किया जाता है. बीमार, घायल एवं असहाय गौवंश के उपचार और पालन-पोषण का कार्य भी गौशाला द्वारा निरंतर किया जा रहा है. (नीचे भी पढ़ें)
कार्यक्रम संयोजक विजय आनंद मूनका के अनुसार पितृपक्ष के पावन अवसर पर आयोजित यह कथा महोत्सव गौ माता की महिमा को जानने, समझने और आत्मसात करने के साथ ही समाज को गौ-सेवा के प्रति जागरूक करने का प्रयास है. तीन दिनों तक श्रद्धालुओं को गौ कथा के माध्यम से सनातन संस्कृति, गौ-महिमा, सेवा, करुणा और आध्यात्मिक जीवन से जुड़े विभिन्न प्रसंगों के श्रवण का अवसर प्राप्त होगा. प्रेस प्रभारी कमल किशोर अग्रवाल ने जमशेदपुर एवं आसपास के सभी गौ-भक्तों, धर्मप्रेमियों एवं श्रद्धालुओं से सपरिवार उपस्थित होकर गौ कथा अमृत का पान करने और गौ-सेवा के इस पवित्र अभियान से जुड़ने का आग्रह किया है. (नीचे भी पढ़ें)
इस पावन आयोजन को सफल बनाने के लिए आर. के. अग्रवाल के सान्निध्य एवं मार्गदर्शन में व्यापक स्तर पर तैयारियाँ की जा रही हैं. आयोजन में पूर्वी सिंहभूम जिला अग्रवाल सम्मेलन के अध्यक्ष मंटू अग्रवाल, महासचिव बिमल बाकरेवाल, कोषाध्यक्ष राजेश गर्ग, झारखंड प्रादेशिक अग्रवाल सम्मेलन के प्रदेश अध्यक्ष संदीप मुरारका, प्रदेश महामंत्री अभिषेक अग्रवाल ‘गोल्डी’ की विशेष भूमिका है. कार्यक्रम संयोजक विजय आनंद मूनका के साथ कमल किशोर अग्रवाल, ओम प्रकाश रिंगसिया, राजेश पसारी, राजेश गढ़वाल, सुरेश शर्मा ‘लिपु’, धर्मेंद्र केजरीवाल, मनीषा संघी, कविता अग्रवाल, अंजू चेतानी, रोहित अग्रवाल, अजय कुमार भालोटिया, राहुल चौधरी, आकाश मोदी, अश्विनी अग्रवाल, प्रतीक अग्रवाल, अंशुल रिंगसिया, नवनीत चौधरी, महेश भाऊका, मनोज गोयल, दिलीप कावंटिया, मनोज केजरीवाल, दीपक पारिक, शंकर लाल अग्रवाल, लालचंद अग्रवाल, सन्नी संघी, ऋषि जालान, मयूर संघी, बिमल अग्रवाल मेंगोतिया एवं रवि भौतिका सहित आयोजन समिति के सदस्य महोत्सव की तैयारियों एवं विभिन्न व्यवस्थाओं में सक्रिय रूप से जुटे हुए हैं.




