चतरा: चतरा अनुमंडल कार्यालय में गुरुवार को उस वक्त हड़कंप मच गया, जब एसीबी हजारीबाग की टीम ने सहायक प्रशासी अधिकारी (लिपिक) बासुदेव राम को रिश्वत लेते गिरफ्तार कर लिया. बताया जा रहा है कि हंटरगंज निवासी विलास यादव से भूमि वाद से संबंधित लंबित जजमेंट लिखने के नाम पर रिश्वत की मांग की गई थी. पीड़ित ने इसकी शिकायत एसीबी से की थी. इसके बाद एसीबी की टीम ने सुनियोजित तरीके से कार्रवाई करते हुए बासुदेव राम को रिश्वत लेते दबोच लिया.(नीचे भी पढ़े)
गिरफ्तारी के बाद एसीबी की टीम आरोपी लिपिक को उसके कार्यालय में ले गई और दरवाजा बंद कर पूछताछ शुरू कर दी. कार्यालय का दरवाजा बंद किए जाने को लेकर कर्मियों में आक्रोश फैल गया और उनलोगों ने हंगामा शुरू कर दिया. हंगामे के बाद एसीबी टीम ने आनन-फानन में कार्यालय का दरवाजा खोला.कार्रवाई के दौरान एसीबी की टीम नें कार्यालय के दस्तावेजों को भी खंगाला और आवश्यक जानकारी जुटाई. पूछताछ व जांच की प्रक्रिया पूरी करने के बाद गिरफ्तार बासुदेव राम को एसीबी की टीम अपने साथ हजारीबाग ले जाने की तैयारी में जुटी है. एसीबी की कार्रवाई से अनुमंडल कार्यालय के कर्मचारियों में हड़कंप मचा गया.




