
जमशेदपुरः राज्य के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन द्वारा मगही और भोजपुरी भाषियों को लेकर दिए गए बयान के विरोध में जमशेदपुर के आजसू नेता अप्पू तिवारी द्वारा विरोध स्वरूप प्रतिक्रिया व्यक्त की गई थी. इसको लेकर गोलमुरी थाने में आजसू नेता के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराया गया है. वहीं इसको लेकर आजसू नेता को स्थानीय थाना द्वारा आजसू नेता को परेशान करने का आरोप लगाते हुए राज्य के पूर्व मंत्री सह आजसू पार्टी के केंद्रीय सदस्य रामचंद्र सहिस बुधवार को जिले के सिटी एसपी से मिलकर राजनीतिक प्रतिद्वंद्विता के तर्ज पर कार्रवाई न करने की अपील की. इस दौरान जिला आजसू के सभी पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे.(नीचे भी पढ़े)

श्री सहिस ने बताया कि राजनीति में बयानबाजी होना कोई बड़ी बात नहीं, लेकिन पुलिसिया कार्रवाई दुर्भावना से ग्रसित होकर नहीं करनी चाहिए. उन्होंने बताया, कि सिटी एसपी ने उन्हें आश्वासन दिया है, कि जांच में पूरी पारदर्शिता बरती जाएगी., इसी मामले को लेकर विश्व भोजपुरी विकास परिषद ने भी सिटी एसपी से मिलकर अप्पू तिवारी मामले में रियायत देने की मांग करते हुए एक ज्ञापन सौंपा है. (नीचे भी पढ़े)
अप्पू तिवारी पर लोगों को भड़काने व दंगा कराने का मामला दर्ज किया गया है. इस मामले में अप्पू तिवारी ने माफी मांग ली है. उन्होंने कहा कि आवेश में मुख्यमंत्री के खिलाफ टिप्पणी कर दी थी. उन्होंने कहा कि था कि मुख्यमंत्री को भी किसी भाषा विशेष के लोगों के खिलाफ नहीं बोलना चाहिए था. हमने जो भी कहा था वह भोजपुरी व मगही के खिलाफ सीएम के द्वारा दिए गए बयान के खिलाफ था. जिसके बाद झामुमो ने गोलमुरी थाने में शिकायत दर्ज करायी. इस मामले के बाद सिटी एसपी ने कहा कि मामंले की जांच में पूरी पारदर्शिता बरती जाएगी.




