जमशेदपुर: अखिल भारतीय पूर्व सैनिक सेवा परिषद जमशेदपुर ने सुभाष चंद्र बोस एवं आजाद हिंद फौज के सभी वीरों को नमन कर मोइरंग दिवस मनाया. इसमें आजाद हिंद फौज के गठन से लेकर उनके सेनानियों के शौर्य और पराक्रम को याद किया गया. नेताजी सुभाष का जय हिन्द का उद्घोष उनकी अद्भुत नेतृव क्षमता और विश्व नेतृत्व का बेमिसाल उदाहरण था. आज़ाद हिंद फौज की स्थापना एक अप्रतिम संकल्प की अपरिमेय कहानी है. आज के कार्यक्रम का आरंभ नेताजी सुभाष और भारतमाता के चित्र पर पुष्पाजलि अर्पित करके किया गया. उसके बाद मोइरंग के वीर कर्नल शौकत अली और सेनानियों की स्मृति में दो मिनट की मौन श्रद्धाजलि देकर नमन किया गया. मोइरंग पोस्ट पर आज ही के दिन आजाद हिंद फौज ने विषम विपरीत परिस्थितियों से मुकाबला करते हुए वर्मा के रास्ते हिंदुस्तान की धरती पर कदम रखा और यूनियन जैक को उखाड़ फेंक भारत का तिरंगा फहराकर इतिहास रचा.(नीचे भी पढे)
अखिल भारतीय पूर्व सैनिक सेवा परिषद के प्रतिनिधिमंडल ने सर्वप्रथम उन वीर सैनिकों को अपनी भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की तत्पश्चात, कार्यक्रम में उपस्थित तीनों सेना से सेवानिवृत्त सैनिक साथियों ने वीर सेनानी कैप्टन सोमेंद्र कर्मकार की वीरांगना नीलिमा कर्मकार के जल्द स्वस्थ होने की कामना की,जिनके पति कैप्टेन सोमेंद्र कर्मकार आज़ाद हिंद फौज के सेनानी रहे थे. इस अवसर पर जिला महामंत्री जितेंद्र सिंह, जिला अध्यक्ष विनय यादव, अनिल सिन्हा, राजेश पांडेय, अवधेश कुमार, दीपक शर्मा , गौतम लाल, बिमल ओझा, राजेश कुमार, अमरेंद्र, योगेश, सुखबिंदर सिंह, बिरजू कुमार, विजय कुमार,नवेन्दु गांगुली,सहित अन्य पूर्व सैनिक उपस्थित रहे.



