जमशेदपुर : झारखण्ड मानवाधिकार सम्मेलन -जेएचआरसी के प्रमुख मनोज मिश्रा ने झारखंड राज्य प्रदूषण नियंत्रण पर्षद (जेएसपीसीबी) के क्षेत्रीय कार्यालय को पत्र लिखकर जमशेदपुर शहर में वायु प्रदूषण की नियमित निगरानी को सुदृढ़ करने तथा प्रमुख स्थानों पर आधुनिक एयर क्वालिटी मॉनिटरिंग स्टेशन स्थापित करने की मांग की है. उन्होंने कहा कि औद्योगिक गतिविधियों, वाहनों और निर्माण कार्यों के कारण शहर में वायु प्रदूषण लगातार बढ़ता जा रहा है, जो चिंता का विषय बना हुआ है. ऐसे में नागरिकों के स्वास्थ्य की सुरक्षा के लिए वायु गुणवत्ता (एक्यूआइ) की नियमित, वैज्ञानिक और पारदर्शी निगरानी आवश्यक है. मनोज मिश्रा ने सूचना का अधिकार अधिनियम 2005 के तहत आवेदन देकर विगत एक माह के एक्यूआइ विभिन्न प्रदूषकों (पीएम2.5, पीएम10, एसओ₂, एनओ₂, सीओ, ओ₃, एनएच₃ आदि) के स्तर, शहर के सभी मॉनिटरिंग स्टेशनों का विवरण, प्रदूषण के प्रमुख स्रोतों, स्वास्थ्य प्रभावों तथा प्रदूषण नियंत्रण के लिए विभाग द्वारा की गई कार्रवाई की जानकारी भी मांगी है. (नीचे भी पढे़ें)

उन्होंने मांग की है कि शहर के प्रमुख चौक-चौराहों, घनी आबादी वाले क्षेत्रों, विद्यालयों, अस्पतालों और औद्योगिक क्षेत्रों में पर्याप्त संख्या में एयर क्वालिटी मॉनिटरिंग स्टेशन स्थापित किए जाएं, ताकि प्रदूषण स्तर की वास्तविक समय में निगरानी हो सके और आवश्यकतानुसार समय पर प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके. उन्होंने कहा कि स्वच्छ एवं सुरक्षित वातावरण प्रत्येक नागरिक का संविधानिक मौलिक अधिकार है. इसलिए प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को नियमित निगरानी व्यवस्था को मजबूत करते हुए प्रदूषण संबंधी सभी आंकड़े और रिपोर्ट सार्वजनिक रूप से उपलब्ध करानी चाहिए, जिससे पारदर्शिता बढ़े और प्रदूषण नियंत्रण के प्रयास अधिक प्रभावी बन सकें. उन्होंने कहा है कि अगर विभाग ने कार्यवाही नहीं की तो आने वाले समय मे इसे लेकर सड़क से न्यायालय तक लड़ाई लड़ी जाएगी.







