जमशेदपुर : सामाजिक संस्था युवा (यूथ यूनिटी फॉर वॉलंटरी एक्शन) के तत्वावधान में रीबिल्ड इंडिया फंड के सहयोग से सुंदरनगर में दो दिवसीय लीडरशिप प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया. इस प्रशिक्षण में चार गांवों, जुड़ी पहाड़ी, बड़ा बाघलता, भुटका और काशीडीह से कुल 50 किशोरियों ने हिस्सा लिया. प्रशिक्षण का संचालन प्रशिक्षक अंजना देवगम और चांदमनी सवैयां ने किया, जिसमें चन्द्रकला और रीला ने सहयोगी की भूमिका निभाई. प्रशिक्षण का उद्देश्य किशोरियों में आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता और निर्णय लेने की क्षमता विकसित करना, तथा शिक्षा, स्वास्थ्य, सुरक्षा और समानता जैसे अधिकारों के प्रति जागरूक करना था. सत्रों में लैंगिक समानता, बाल विवाह के दुष्परिणाम व कानूनी प्रावधान, स्वास्थ्य एवं मासिक धर्म स्वच्छता, प्रभावी संचार और साथी नेतृत्व (पीयर लीडरशिप) जैसे विषयों पर चर्चा हुई. (नीचे भी पढ़ें)

कार्यक्रम में समूह चर्चा, “अच्छी लड़की” और “बुरी लड़की” की सामाजिक धारणाओं पर समूह कार्य, एक अच्छे लीडर के गुणों पर चर्चा, मलाला यूसुफजई एवं सुधा मूर्ति के जीवन पर आधारित कहानियां, तथा नुक्कड़ नाटक सत्र शामिल रहा, जिसमें सात समूहों ने लड़कियों की शिक्षा, बाल विवाह, जबरदस्ती विवाह, महिलाओं के कामकाज और किशोरियों के खेलकूद जैसे विषयों पर प्रस्तुति दी. गुड टच और बैड टच पर आधारित एक विडियो भी किशोरियों को दिखाया गया. (नीचे भी पढ़ें)
दूसरे दिन प्रभावी संचार पर आधारित खेल गतिविधियां, जोड़ी में की गई सुनने व चित्र बनाने की गतिविधि, तथा अपने आसपास की समस्याओं को पंचायत के समक्ष रखने की रणनीति पर समूह कार्य कराया गया. कार्यक्रम का समापन किशोरियों से फीडबैक लेने के साथ हुआ. यह प्रशिक्षण पोटका प्रखंड में किशोरियों के नेतृत्व को मजबूत करने, उन्हें विद्यालय से जोड़े रखने और बाल विवाह रोकने की दिशा में युवा के दीर्घकालिक प्रयासों का हिस्सा है.




