जमशेदपुर : जुगसलाई एमई स्कूल रोड होते हुए महाकालेश्वर शिव घाट की ओर जानेवाले मार्ग पर स्थित विंध्यवासिनी आवासीय कॉलोनी एवं आसपास के निवासियों ने कॉलोनी में सरकारी विदेशी शराब दुकान खोले जाने के विरोध में आज उपायुक्त कार्यालय पहुंच कर उन्हें एक ज्ञापन सौंपा. क्षेत्र के निवासियों ने ज्ञापन में सघन बस्ती क्षेत्र में शराब दुकान खोले जाने का विरोध करते हुए उक्त दुकान को कहीं अन्यत्र स्थानांतरित किये जाने की मांग की है. ज्ञापन की प्रति वरीय पुलिस अधीक्षक एवं धालभूम अनुमंडलाधिकारी को भी सौंपी गई है. (नीचे भी पढ़ें)

बता दें कि एमई स्कूल – महाकालेश्वर शिव मंदिर रोड अभी जुगसलाई ही नहीं, बागबेड़ा बड़ौदाघाट क्षेत्र में रहनेवाली बड़ी आबादी के लिए लाइफलाइन बनी हुई है. स्टेशन से बागबेड़ा बड़ौदाघाट मुख्य मार्ग स्थित पुलिया क्षतिग्रस्त होने के बाद से उक्त क्षेत्र के निवासियों के लिए एमई स्कूल – महाकालेश्वर शिव घाट रोड ही आवागमन का मुख्य मार्ग बन गया है. उक्त मार्ग पर सुबह 4 बजे से रात्रि के बारह बजे तक क्षेत्र के लोगों का आना-जाना लगा रहता है, जिसमें महिलाएं एवं बच्चे भी शामिल होते हैं. यही नहीं, उक्त सड़क के दोनों ओर सघन आबादी बसी हुई है. ऐसी जगह में शराब दुकान खोला जाना ऐसे ही अनुचित है. इसीलिए क्षेत्र के लोगों ने दुकान खुलते ही उसका विरोध शुरू कर दिया है. (नीचे भी पढ़ें)

यही नहीं, सरकार की घोषित नीति कहती है कि पूजा स्थलों, शिक्षण संस्थानों के सौ मीटर के दायरे में कोई शराब दुकान नहीं खोली जा सकती. लेकिन इस नई खुली दुकान से सौ मीटर से कम दूरी पर ही मां विंध्यवासिनी मंदिर एवं सीतेश्वर महादेव मंदिर अवस्थित हैं, जहां बड़ी संख्या में श्रद्धालु सुबह-शाम पूजा-अर्चना के लिए पहुंचते हैं, जिनमें महिलाएं एवं बच्चे भी शामिल होते हैं. नई शराब दुकान उन श्रद्धालुओं के लिए परेशानी का कारण बन जाएगी. इसलिए भी क्षेत्र के लोग नई शराब दुकान का विरोध कर रहे हैं. (नीचे भी पढ़ें)
वहीं नई शराब दुकान से सेंट जॉन्स स्कूल की दूरी तो सौ मीटर से भी कम होगी, जहां रोजाना हजारों बच्चे पढ़ने के लिए आते हैं. स्कूल के पास ही स्थित कोचिंग संस्थान में भी प्रति दिन सैकड़ों बच्चे अध्ययन के लिए पहुंचते हैं. ऐसे में वहां शराब दुकान खोला जाना सरकार की तय नीति का सरासर उल्लंघन है. क्षेत्र के लोगों की शिकायत है कि यहां शराब दुकान खुलने से आम जनजीवन बुरी तरह प्रभावित होगा. उनका तर्क है कि आम तौर पर शराब दुकानों पर आये दिन झगड़े-फसाद होते रहते हैं और शराबी नशे में ऊधम मचाते रहते हैं, जिसे क्षेत्र में अशांति का माहौल बन सकता है. ज्ञापन में इन सारी परिस्थितियों का उल्लेख करते हुए उक्त शराब दुकान को बंद या अन्यत्र स्थानांतरित कराने की मांग की गई है. ज्ञापन सौंपने गये लोगों के अनुसार उपायुक्त ने मंगलवार शाम तक स्थिति का आकलन कराते हुए इस संबंध में उपयुक्त निर्णय लेने का आश्वासन दिया है.







