
जमशेदपुर : जमशेदपुर के मानगो सहारा सिटी में नाबालिग के साथ दुष्कर्म और देह व्यापार करने के मामले में झारखंड हाईकोर्ट ने सोमवार को अपना फैसला सुना दिया. इस मामले में हाईकोर्ट ने अपने फैसले में जमशेदपुर की अदालत के फैसले को बरकरार रखा है और स्वास्थ्य मंत्री बन्ना गुप्ता के भाई गुड्डू गुप्ता, तत्कालीन डीएसपी अजय केरकेट्टा, उलीडीह के उस वक्त थानेदार रहे इमदाद अंसारी समेत 22 लोगों पर केस चलाने को कहा गया है. धारा 319 के तहत केस को चलाने की इजाजत हाईकोर्ट ने दे दी है. आपको बता दें कि इस कांड में जमशेदपुर कोर्ट से जो फैसला आया था, वह इस कांड के नामजद आरोपी इंद्रपाल सिंह सैनी, शिवकुमार महतो और श्रीकांत को लेकर आया है क्योंकि ये तीन ही इस मामले में पहले नामजद (जिनके नाम से केस हुआ था) थे. बाद में उसमें कई नाम और जुड़े थे, जिसमें पुलिस के पदाधिकारी और रसूखदार लोग भी थे. 22 लोगों को इस मामले में आरोपी बनाने को कोर्ट पहले ही मंजूरी दे चुका था, जिसका मामला अलग से चलता रहेगा. इस मामले में धारा 319 के तहत सोनू नैयर, लड्डन उर्फ पाहुल, मैन्यर, दिनेश अग्रवाल, अमित सिंह, मुन्ना धोबी, अजित मिस्त्री उर्फ बुलेट मिस्त्री, उपेंद्र सिंह, शाहिद, शाहिद, अभिषेक मिश्रा, गुड्डू गुप्ता, इंस्पेक्टर सह उलीडीह के पूर्व थाना प्रभारी इमदाद अंसारी, अजय केरकेट्टा, लंगड़ा मकसूद, मनोज सहाय, गुरप्रीत सिंह, शंभू द्विवेदी, करीम केबुल वाला, तस्मीम अहमद, राजेश सिंह और तनुश्री नायक को भी आरोपी बनाया गया था. इस मामले में एक डीएसपी अजय केरकेट्टा भी आरोपी है, जो हाईकोर्ट से स्टे मिला था जबकि इस कांड में तत्कालीन थानेदार इमदाद अंसारी भी है. सबके खिलाफ केस चल रहा है, सिर्फ उनकी गिरफ्तारी पर स्टे दिया गया था. लेकिन अब कोर्ट ने धारा 319 के तहत सारे आरोपियों के नाम जोड़े जाने को सही करार दिया है. अब इस फैसले के बाद सारे आरोपियों की गिरफ्तारी की तलावार लटक गयी है. पीड़िता की अधिवक्ता ममता सिंह ने इसकी पुष्टि की है और कहा है कि सारे आरोपियों के खिलाफ केस चलता रहेगा. हाईकोर्ट ने सही फैसला सुनाया है और अब सारे आरोपियों पर कार्रवाई संभव हो सकेगी. (नीचे भी पढ़ें)
क्या है पूरा मामला :
जमशेदपुर के मानगो सहारा सिटी की एक नाबालिग लड़की की मां ने मानगो थाना में 18 जनवरी 2019 को इंद्रपाल सैनी, शिव कुमार महतो, श्रीकांत महतो व अन्य के खिलाफ पोक्सो एक्ट के तहत प्राथमिकी दर्ज करायी थी. दर्ज प्राथमिकी में पीड़िता की मां ने बताया था कि बच्ची के साथ इंद्रपाल सैनी, शिव कुमार महतो, श्रीकांत महतो ने दुष्कर्म किया है. वही दुष्कर्म का वीडियो बनाया गया. वीडियो दिखाकर डरा-धमका कर बच्ची के साथ देह व्यापार कराया गया. इस मामले में पुलिस ने तीनों आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया. हालांकि श्रीकांत महतो को कोर्ट से जमानत मिल गयी. इंद्रपाल सैनी और शिव कुमार महतो फिलहाल घाघीडीह जेल में हैं. इस मामले में पीड़िता ने बाद में पुलिस को बताया था कि एमजीएम थाना में तत्कालीन थाना प्रभारी इमदाद अंसारी और डीएसपी अजय केरकेट्टा ने भी दुष्कर्म किया था. इसके अलावा जमशेदपुर शहर में कई स्थानों पर कई लोगों द्वारा उसके साथ दुष्कर्म किया गया.











