
जमशेदपुर : जमशेदपुर के डीसी ऑफिस में में उप विकास आयुक्त (डीडीसी) परमेश्वर भगत की अध्यक्षता में सोमवार को जिला सड़क सुरक्षा समिति एवं यातायात से सम्बन्धित बैठक आहूत की गई. बैठक में अपर उपायुक्त प्रदीप प्रसाद, जिला परिवहन पदाधिकारी दिनेश रंजन तथा अन्य सम्बन्धित पदाधिकारी एवं स्टेकहोल्डर शामिल हुए. सड़क दुर्घटनाओं की समीक्षा के क्रम में बताया गया कि अक्टूबर माह में कुल 34 दुर्घटना शहर के अंदर हुए हैं. इस बाबत निर्देश दिया गया कि सभी कॉमर्शियल गाड़ियों में स्पीड लिमिट गवर्नर लगने के बाद ही फिटनेस सर्टिफिकेट निर्गत करें. बिना हेलमेट या सीट बेल्ट और ट्रिपल राइड चलने वाले वाहन चालकों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया तथा ट्रैफिक पुलिस को निदेशित किया गया कि शहर में विभिन्न पर जगहों पर औचक रूप से ट्रैफिक चेकिंग अभियान चलाया जाए जिससे सड़क दुर्घटना में कमी लाई जा सके. ट्रैफिक पुलिस को निर्देश दिया गया कि जुबिली पार्क एवं स्कूलों के आसपास ट्रैफिक चेकिंग लगातार चलाएं. उप विकास आयुक्त ने कहा कि विद्यालय के छात्र-छात्राएं विद्यालय के बसों का ही उपयोग कर विद्यालय आएं. शिक्षा विभाग द्वारा जानकारी दी गई कि सभी स्कूलों को निर्देश दिया गया है कि स्कूल में पढ़ रहे विद्यार्थी अपने निजी वाहन का उपयोग कर स्कूल नहीं आ रहे हो, जिसका सभी विद्यालयों से शपथ पत्र प्राप्त किया गया है. ऑटो एसोसिएशन द्वारा बताया गया कि शहर के अंदर कुल 159 ऑटो सीएनजी प्लस पेट्रोल गाड़ियों का परिचालन हो रहा है तथा शहर में कुल 18 इलेक्ट्रिक व्हीकल का परिचालन है. बस एसोसिएशन द्वारा मांग रखी गई की बस स्टैंड के समीप सड़क पर जो गाड़ियां लगी रहती हैं उन पर कार्रवाई की जाए ताकि ट्रैफिक जाम की समस्या ना बने एवं सड़क दुर्घटनाओं को रोका जा सके. हिट एंड रन के कुल 44 मामलों में 10 पीड़ित परिवारों को मुआवजा मिल चुका है तथा इस महीने में 11 मामलों में मुआवजा देने की प्रक्रिया की जा रही है एवं 18 केस ऐसे हैं जिनका कांटेक्ट नंबर उपलब्ध नहीं है जिसे सभी पुलिस थानों से प्राप्त कर मुआवजा दिलवाने का प्रयास किया जा रहा है. आपदा प्रबंधन के तहत सड़क दुर्घटना में मृत लोगों के आश्रितों को एक लाख रुपये का मुआवजा दिलवाने का प्रावधान सरकार द्वारा दिया गया है, जिसे सभी हिट एंड रन मामले में इसका बेनिफिट भी दिलवाया जाएगा.





