जमशेदपुर : सिंहभूम जिला हिन्दी साहित्य सम्मेलन/तुलसी भवन की ओर से रविवार को संस्थान के प्रयाग कक्ष में मासिक “कथा मंजरी” सह रामधारी सिंह दिनकर एवं प्रताप नारायण मिश्र जयंती समारोह का आयोजन किया गया. इस अवसर पर संदीप सिंह ‘गौतम’ कृत नाट्य पुस्तक ‘जिज्ञासा’ का लोकार्पण भी सम्पन्न हुआ. तुलसी भवन के अध्यक्ष सुभाष चन्द्र मूनका की अध्यक्षता में आयोजित कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन के साथ हुई. तुलसी भवन के मानद महासचिव डॉ प्रसेनजित तिवारी ने आगत साहित्यकारों का स्वागत किया. तदुपरान्त राष्ट्रकवि रामधारी सिंह दिनकर एवं प्रताप नारायण मिश्र का संक्षिप्त साहित्यिक परिचय क्रमश: कैलाश नाथशर्मा ‘गाजीपुरी’ एवं वसंत जमशेदपुरी ने प्रस्तुत किया. (नीचे भी पढ़ें)

कार्यक्रम के दूसरे चरण में मंचासीन अतिथियों ने नगर के युवा नाटककार संदीप सिंह ‘गौतम कृत नाट्य पुस्तक ‘जिज्ञासा’ का लोकार्पण किया. लोकार्पित पुस्तक पर पाठकीय प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए प्रतिभा प्रसाद ‘कुमकम’ ने नाटक एवं नाटककार दोनों की भूरि-भूरि प्रशंसा की. मनीष सिंह ‘वंदन’ ने नाटककार मनीष सिंह ‘गौतम’ का विस्तृत साहित्यिक परिचय प्रस्तुत किया. इसके बाद तुलसी भवन द्वारा लेखक को पुष्पगुच्छ, अंगवस्त्र, स्मृति चिह्न एवं श्रीफल प्रदान कर सम्मानित किया गया. कार्यक्रम के अंतिम चरण में ‘कथा मंजरी’ के अन्तर्गत विभिन्न विषयों को स्पर्श करती कुल 14 कहानियों का पाठ हुआ, जिनमें माधवी उपाध्याय ने निश्छल स्नेह, ममता कर्ण ‘मनस्वी’ ने मानदंड, अरुण कुमार शर्मा ने कहीं यह वो हाथ तो नहीं, डॉ उदय प्रताप हयात ने रोंएवाला, सुरेश चन्द्र झा ने साजन हैं उस पार, नीता सागर चौधरी ने मेरी पहचान, मंजु कुमारी ने कर्ज, शकुंतला शर्मा ने बहू बनी बेटी, वीणा कुमारी ‘नंदिनी’ ने अक्ल बड़ी या दौलत, वसंत जमशेदपुरी ने मेंहदी, सुधा गोयल ने एक कॉल की दूरी, रीना गुप्ता ‘श्रुति’ ने पुण्यतिथि, प्रेमलता ठाकुर ने ज्योति, वंदना केसर भारती ने पिता-सा स्नेह कहानी का पाठ किया. (नीचे भी पढ़ें)

इस अवसर पर मुख्य रुप से तुलसी भवन साहित्य समिति की मार्गदर्शिका डॉ रागिनी भूषण, सचिव डॉ अजय कुमार ओझा, सुरेश चन्द्र झा, नीता सागर चौधरी, प्रतिमा प्रसाद कुमकुम, शकुंतला शर्मा, वीणा कुमारी ‘नंदिनी’, मंजु कुमारी, विजय लक्ष्मी ‘वेदना’, माधवी उपाध्याय, प्रेमलता ठाकुर, ममता कर्ण ‘मनस्वी’, दिव्येन्दु त्रिपाठी, डॉ अरुण कुमार शर्मा, हरभजन सिंह ‘रहबर’, अजय कुमार गुप्ता, केशव राय, मनीष सिंह ‘वंदन’, मनीष कुमार पाठक, संदीप सिंह ‘गौतम’, कैलाश नाथ शर्मा ‘गाजीपुरी’, डॉ. उदय प्रताप हयात, यमुना तिवारी ‘व्यथित’, वसंत जमशेदपुरी, वन्दना केशव भारती, बलविंदर सिंह, प्रदीप कुमार मिश्र, जितेश तिवारी, रीना गुप्ता श्रुति, रीति झा, सुधा गोयल सहित अनेक साहित्यकार उपस्थित रहे.




