रांची : झारखंड की राजधानी रांची से पांच बार के सांसद रहे रामटहल चौधरी ने कांग्रेस का दामन थाम लिया है. भाजपा से रांची से वे 2019 के पहले तक सांसद रहे थे. उनका यहां आने पर कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पवन खेड़ा, झारखंड प्रदेश प्रभारी गुलाम अहमद मीर, कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष राजेश ठाकुर, पूर्व केंद्रीय गृह राज्य मंत्री सुबोधकांत सहाय, आलमगीर आलम, बंधु तिर्की समेत अन्य लोग मौजूद थे. इस दौरान उनका यहां स्वागत किया गया. दिल्ली में आयोजित कार्यक्रम के दौरान संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए रामटहल चौधरी ने कहा कि भाजपा ने अचानक से 2019 में उनसे लिखित तौर पर मांगा कि वे चुनाव नहीं लड़ना चाहते है. (नीचे भी पढ़ें)

उन्होंने कहा कि भाजपा में तानाशाही हो गया है. इस तानाशाही को वे बरदाश्त करना नहीं चाहते है. हर हाल में हम तानाशाही को बरदाश्त नहीं करते, जिस कारण 2019 में भाजपा से अलग हो गये और निर्दलीय चुनाव लड़े थे. अब कांग्रेस के साथ हो गये है. कांग्रेस की नीतियों से प्रभावित होकर और खासकर राहुल गांधी से प्रभावित होकर वे कांग्रेस में शामिल हुए है. अब कांग्रेस के साथ मिलकर काम करेंगे. एक सवाल के जवाब में झारखंड के कांग्रेस प्रभारी गुलाम अहमद मीर ने कहा कि जल्द ही रांची सीट के लिए प्रत्याशी का ऐलान कर दिया जायेगा. किसी तरह का कोई विवाद की बात ही नहीं है.




