देवघर : देवघर बाबा नगरी में वाहनों से पहुंचने वाले यात्री एवं स्थानीय टोटो और ऑटो वाले जजिया टेक्स दे-देकर परेशान हैं. जहां एक ओर बेरोजगारी का आलम है, वहीं रोजी-रोटी के लिए टोटो और ऑटो चलाने वाले टैक्स दे-देकर परेशान हैं. जसीडीह स्टैंड से लेकर चकाई मोड़ तक जसीडीह टोटो टेम्पू मालिक सह चालक संघ के द्वारा एक टोटो और हर एक ऑटो वालों से प्रतिदिन 70 से 80 रुपये की वसूली की जा रही है, जिससे टोटो और ऑटो वाले परेशान हैं. यह क्रम रात को भी जारी रहता है. वहीं सूत्रों की मानें तो इसके अलावा स्टैंड वगैरह में एंट्री के नाम पर भी मोटी रकम वसूली जा रही है. दबंगों के द्वारा गरीब टोटो, टेंपो चालकों का शोषण किया जा रहा है. इतना ही नहीं, फिर इनकी देनदारी देवघर शहर प्रवेश करते ही चालू हो जाती है. (नीचे भी पढ़ें)
एक तरफ संघ को तो दूसरे तरफ निगम को भी टैक्स देते-देते इनकी कमर टूट रही है, पर कोई देखने वाला नहीं है. इतना ही नहीं, देवघर रेलवे स्टेशन के बाहर सड़क पर खड़े ऑटो वालों को वसूली दल वाले अपना शिकार बना रहे हैं. टेलवा नेमसार ग्राम, सिमुलतला निवासी राजेश दास ने कहा कि हमलोग टैक्स दे-देकर परेशान हैं. गाड़ी बैंक लोन से लिये हैं. बैंक का इन्स्टॉलमेंट दें, टैक्स दें या परिवार चलाएं, कुछ समझ में नहीं आता. (नीचे भी पढ़ें)
टोटो – ऑटो चालकों ने देवघर जिला प्रशासन से ऑटो चला रहे पढ़े-लिखे बेरोजगार युवकों को बचाने की अपील की है बचाया जाए और की जा रही है अवैध वसूली पर रोक लगाते हुए असमाजिक तत्वों पर कार्रवाई करने की मांग की है. राजेश दास ने कहा कि जसीडीह मालिक सह चालक संघ की रसीद में राशि नहीं लिखी जाती है, जो कई प्रश्न खड़ा करता है. राजेश ने जिले के पदाधिकारियों से इस ओर गम्भीरता पूर्वक संज्ञान लेने का आग्रह किया है. टेम्पो चालकों का कहना है एक ही मुर्गे को कितनी बार हलाल किया जाएगा.




