रांची/जमशेदपुर : भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र दामोदार दास मोदी ने 20 लाख करोड़ रुपये देने की घोषणा की है. बुधवार को वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने इसकी बारीकियों के बारे में लोगों को जानकारी दी है. इसमें एमएसएमइ सेक्टर पर फोकस किया गया है. झारखंड भी काफी आशांवित है कि यहां भी इसका लाभ पहुंचेगा. कोरोना वायरस के पहले से ही फांकाकशीं में जिंदगी काट रही आयडा क्षेत्र के उद्योगों को राहत मिलेगी क्योंकि सबको बेहतर और एनपीए हो चुके कारोबारियों को उठने के लिए एक लाठी जरूर केंद्र सरकार की मिल जायेगी. लेकिन झारखंड मे विपक्ष की सरकार है और विपक्ष की सरकार में क्या उद्योगों को यह लाभ केंद्र सरकार देगी, इसको लेकर भी लोगों में संशय की स्थिति है. वैसे कई लोगों ने इसका स्वागत किया है.

पूर्व मुख्यमंत्री व केंद्रीय मंत्री अर्जुन मुंडा का पक्ष
केंद्रीय मंत्री और पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा ने 20 लाख करोड़ देने की घोषणा पर अपनी प्रतिक्रिया दी है. श्री मुंडा ने कहा है कि एमएसएमइ को नये रूप में परिभाषित करने, 50 हजार करोड़ का फंड ऑफ फंड का निर्माण करना, अधीनस्थ ऋण प्रदान करना, आपातकालीन ऋण प्रावधान करना, अधूरी परियोजनाओं को पूरा करने के लिए अचल संपत्ति की सहायता करना, सभी के परिणामस्वरूप अर्थव्यवस्था, रोजगार सृजन और निवेश का पुनरुद्धार होगा.

पूर्व मंत्री सरयू राय का बयान
पूर्व मंत्री सरयू राय ने अपने बयान में कहा है कि प्रधानमंत्री द्वारा कोरोना संकट काल में देश की अर्थव्यवस्था को सुदृढ़ एवं गतिशील बनाने के लिये 20 लाख करोड़ रूपये का आर्थिक पैकेज की घोषणा किया है और कहा है कि इससे देश की अर्थव्यवस्था उठ खड़ा होगी. यह रक़म देश के सकल घरेलू उत्पादन (जीडीपी) का क़रीब 10 प्रतिशत है.

क्या कहते है पूर्व मुख्यमंत्री रघुवर दास
पूर्व मुख्यमंत्री रघुवर दास ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए 3 लाख करोड़ रुपये के पैकेज की घोषणा के लिए वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण और वित्त राज्य मंत्री अनुराग ठाकुर का साधुवाद. सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्योग भारत की अर्थव्यवस्था की रीढ़ है. यह पैकेज आत्मनिर्भर और नया भारत बनाने में सहायक साबित होगा. उन्होंने कहा कि यह राहत पैकेज संजीवनी का काम करेगा और आत्मनिर्भर भारत अभियान को गति देगा। इस पैकेज से देश के सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्योगों को मजबूती मिलेगी तथा लोगों को रोजगार मिलेगा। रोजगार देनेवाले और रोजगार करनेवाले दोनों का इसमें ध्यान रखा गया है। बिजली कंपनी, एनबीएफसी, रियल इस्टेट, मध्यम वर्ग समेत सभी को लाभ होगा। थमी हुई आर्थिक गतिविधियां फिर शुरू हो सकेंगी.

कैट के राष्ट्रीय सचिव और सिंहभूम चेंबर के पूर्व अध्यक्ष सुरेश सोंथालिया का बयान
केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा एमएसएमइ सेक्टर को दिए गए आर्थिक राहत पैकेज पर कॉन्फ़ेडरेशन ऑफ़ आल इंडिया ट्रेडर्स (कैट) ने प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा की वित्त मंत्री ने बाजार को पैसे की तरलता से भर देने का आश्वासन ही नहीं दिया बल्कि एमएसएमई सेक्टर के लिए मजबूत योजनाएं घोषित की है। कैट ने कहा की देश की बिगड़ती हुई अर्थव्यवस्था को करोना वायरस के लॉक डाउन के कारण कोमा में जाने से पहले ही आर्थिक पैकेज का स्ट्राइड इंजेक्शन सरकार ने लगा दिया है. इन घोषणाओं से मृत्यु शैया पर जाने से पहले ही अर्थव्यवस्था खड़ी हो जाएगी और अर्थव्यवस्था पटरी पर आकर तेजी से दौड़ने लगेगी. कैट के राष्ट्रीय सचिव सुरेश सोन्थलिया ने कहा की आज वित्त मंत्री द्वारा की गई घोषणाओं से यह निश्चित लगता है की इसी तर्ज़ पर वित्त मंत्री इस श्रंखला में अब रिटेल व्यापार के लिए आर्थिक पैकेज की घोषणा करेंगी. देश में 7 करोड़ व्यापारी हैं जो लगभग 40 करोड़ लोगों को रोजगार देते हैं और वर्तमान लॉक डाउन से सबसे ज्यादा व्यापार विपरीत रूप से प्रभावित हुए हैं और इसलिए अब वित्त मंत्री की ओर देख रहे हैं. श्री सोन्थलिया ने कहा की जिस तरीके से अर्थव्यवस्था के सभी स्तंभों को प्रोत्साहित किया है और वित्तीय सहायता देने की घोषणा की है. इससे बाजारों में पैसे की तरलता बहुत ज्यादा बढ़ जाएगी. सूक्ष्म, लघु व मध्यम उद्योगों को 45 दिन के अंदर सारे बिलों का भुगतान करवाना, बैंकों द्वारा अतिरिक्त कर्ज बगैर कॉलेटरल सिक्योरिटी के उपलब्ध कराना तथा इ-टेंडरिंग 200 करोड़ रुपए तक की स्थानीय लोगों को मिले उसके प्रावधान करना, ई मार्केट के माध्यम से विदेशों में एग्जीबिशन प्रदर्शनी में हिस्सा करना, यह स्पष्ट रूप से बताता है की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को अपने सम्बोधन में जो कहा था उसी के अनुरूप सारे निर्णय हो रहे हैं. बाजार में अलग अलग नाम से पैसों की तरलता लाने की जो बात कही है, यह भी अपने आप में एक क्रांतिकारी कदम है. श्री सोन्थलिया ने कहा की एनबीएफसी, हाउसिंग फाइनेंस कंपनी और माइक्रो फाइनेंस कंपनी द्वारा कर्ज़ मुहैया कराने के लिए उनको आर्थिक रूप से मजबूत करने के माध्यम से बाजारमें पैसा आएगा. टीडीएस की दरें घटाना, प्रोविडेंट फंड में पैसे की कटौती करवाना, सरकार द्वारा रिफंड में पैसे देना, यह सारी घोषणाएं निश्चित रूप से पैसे की तरलता बाजार में लाएगी जिससे भारत की अर्थव्यवस्था विश्व की मजबूत अर्थव्यवस्था के रूप में बने, यह कदम सरकार द्वारा उसी दृष्टि से उठाये गए हैं. श्री सोन्थलिया ने कहा की व्यापारियों को उम्मीद थी की जीएसटी की कोई अभय योजना सरकार घोषित करेगी. 1 जुलाई 2017 से जो भी गलतियां या भुगतान की कमी जीएसटी में की गई है, उसका कोई समाधान कारक योजना घोषित होगी. ऐसी कोई योजना घोषित नहीं होने से व्यापारियों में मासूमियत महसूस की गई. कैट को उम्मीद है की वित्त मंत्री द्वारा की जाने वाली आगामी घोषणाओं में यह अवश्य शामिल होंगे.

भाजपा नेता बबुआ सिंह का बयान
भाजपा के वरिष्ठ नेता बबुआ सिंह ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर कहा कि भारत के प्रधानमंत्री ने भारत की अर्थव्यवस्था को फिर से पटरी पर दौड़ने के लिए उद्योग, किसान, मध्यमवर्गीय परिवार, दैनिक मजदूर एवं उन सभी प्रभावित लोगों के जीवन स्तर को बेहतर करने के लिए 20 लाख करोड़ की राहत पैकेज स्वागत योग्य कदम है भारत के इतिहास में इतनी बड़ी राशि पहली बार दी गई है जो 130 करोड़ जनता के लिए शुभ संकेत है. भाजपा नेता बबुआ सिंह ने कहा कि भारत की वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा प्रेस कॉन्फ्रेंस कर क्रम वार रूप से राहत पैकेज की घोषणा निश्चित रूप से बाहर फंसे हुए प्रवासी मजदूर, उद्योग व्यापार देश के सभी वर्गो को राहत दिलाने में सार्थक पहल होगी.

भाजपा नेता कृष्णा शर्मा का बयान
भारतीय जनता युवा मोर्चा के जिला उपाध्यक्ष कृष्णा शर्मा उर्फ काली शर्मा ने कोरोना वायरस के दौरान हुए लॉक डाउन से देश के कारोबार जगत को हुए आर्थिक नुकसान से उबारने के लिए केंद्र सरकार द्वारा एमएसएमइ सेक्टर को 20 लाख करोड़ रुपये के पैकेज की घोषणा को उत्साहजनक कदम करार दिया है. उन्होंने कहा कि सरकार के कदम से स्पष्ट है सरकार अर्थव्यवस्था को पटरी पर लाने हेतु बैचेन है. यह पैकेज हमारे देश के सकल घरेलू उत्पादन का 10 प्रतिशत के बराबर है जो कि पूरे भारत को विकास की ओर लेकर जायेगा. काली शर्मा के अनुसार प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के इस कदम से छोटे और युवा उधमियों में नवीन आशा का संचार हुआ है। इस पैकेज की घोषणा से व्यापारियों और उद्यमियों में हर्ष है.

भाजपा के जिला महासचिव अनिल मोदी का बयान
भाजपा के जिला महामंत्री एवं सिंहभूम चैम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज के सचिव (पीआरडब्लू) अनिल मोदी ने कोरोना वायरस के दौरान हुए लॉकडाउन से देश के कारोबार जगत को हुए आर्थिक नुकसान से उबारने के लिए केंद्र सरकार द्वारा एमएसएमई सेक्टर को 20 लाख करोड़ रु के पैकेज की घोषणा को उत्साहजनक कदम करार दिया है. उन्होंने कहा कि सरकार के कदम से स्पष्ट है सरकार अर्थव्यवस्था को पटरी पर लाने हेतु बैचेन है. इस पैकेज की घोषणा से व्यापारियों और उधमियों में हर्ष है. उन्होंने कहा कि इस पैकेज में एमएसएमई सेक्टर को तीन लाख करोड़ रु का गारंटी मुक्त लोन देने की घोषणा की गई है. इस घोषणा से इस सेक्टर में नई जान आएगी. उन्होंने कहा कि सरकार का यह कदम “आत्मनिर्भर भारत” की दिशा में मील का पत्थर साबित होगा. इस कदम से छोटे और युवा उद्यमियों में नवीन आशा का संचार हुआ है. सरकार के इस कदम से युवा उधमिता की ओर रुख करेंगें जो की आने वाले दिनों में देश की अर्थव्यवस्था के लिए मंगलकारी साबित होगा.





