जमशेदपुर: श्रीनाथ यूनिवर्सिटी में शनिवार को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस बड़े हर्षोल्लास और उत्साह के साथ मनाया गया. इस विशेष अवसर पर इंजीनियरिंग, योगा, बीएड और मास कम्युनिकेशन विभाग के छात्रों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और योग की महत्ता को आत्मसात किया. कार्यक्रम की शुरुआत पारंपरिक दीप प्रज्वलन से हुई, जिसमें विश्वविद्यालय के चांसलर सुखदेव महतो, वाइस चांसलर प्रोफेसर (डॉ) एसएन सिंह, डीन एकेडमिक्स डॉ दीपक शुक्ला और एसोसिएट डीन डॉ भव्या भूषण मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित थे. दीप प्रज्वलन के उपरांत सामूहिक प्रार्थना से वातावरण को सकारात्मक ऊर्जा से भर दिया गया. (नीचे भी पढ़ें)

इसके बाद छात्रों एवं योग प्रशिक्षकों द्वारा विभिन्न योगासन, प्राणायाम एवं ध्यान की विधियों का अभ्यास किया गया, जिससे पूरा परिसर योगमय हो उठा. वाइस चांसलर डॉ एसएन सिंह ने अपने प्रेरणादायी संबोधन में योग की वर्तमान समय में प्रासंगिकता और जीवन में इसके महत्व पर प्रकाश डाला. उन्होंने कहा कि “योग न केवल शारीरिक स्वास्थ्य का साधन है, बल्कि मानसिक संतुलन और आत्मिक शांति का मार्ग भी है. (नीचे भी पढ़ें)

इस अवसर पर योग विभाग द्वारा योग चैंपियनशिप का आयोजन भी किया गया, जिसमें काजल कुमारी (योग विभाग) ने प्रथम स्थान प्राप्त कर अपनी प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन किया. वहीं बीटेक के छात्र उदय कुमार ने द्वितीय स्थान प्राप्त किया जबकि बीएड की रेशी ने तीसरा स्थान प्राप्त किया. तीनों विजेताओं को ट्रॉफी एवं प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया गया. इसके अतिरिक्त योग रील्स मेकिंग प्रतियोगिता का भी आयोजन किया गया, जिसमें रचनात्मकता और जागरूकता का सुंदर समावेश देखने को मिला. इस प्रतियोगिता में नंदिनी कुमारी ने प्रथम स्थान, नीलू कुमारी ने द्वितीय स्थान तथा मृत्युंजय पाठक ने तृतीय स्थान प्राप्त किया. सभी विजेताओं को प्रमाण पत्र एवं ट्रॉफी देकर सम्मानित किया गया. श्रीनाथ यूनिवर्सिटी में आयोजित यह आयोजन न केवल एक कार्यक्रम था, बल्कि एक आंदोलन था – आत्मशक्ति, अनुशासन और स्वास्थ्य के प्रति सजगता का. योग दिवस पर विद्यार्थियों की उत्साही भागीदारी ने यह स्पष्ट कर दिया कि युवा पीढ़ी भी योग को अपनाकर भारत की इस अमूल्य विरासत को आगे बढ़ाने के लिए तत्पर है.











