
जमशेदपुर : टाटा समूह और भारत सरकार के स्किल डेवलपमेंट व इंटरप्रेन्योर मंत्रालय के संयुक्त प्रयास से इंडियन इंस्टीच्यूट ऑफ स्किल की शुरुआत कर दी गयी. मुंबई में इसकी शुरुआत की गयी. केंद्रीय मंत्री डॉ महेंद्र नाथ पांडेय ने इसके पहले दो कोर्स की शुरुआत की. इसका संचालन टाटा समूह के इंडियन इंस्टीच्यूट ऑफ स्किल यानी टाटा आइआइएस द्वारा किया जायेगा. इसके तहत भारत सरकार के कोशल विकास व उद्यमिता मंत्रालय के बीच एक समझौता पर हस्ताक्षर हुआ था, जिसके तहत इसकी शुरुआत की गयी. यह इंस्टीच्यूट वर्तमान में मुंबई के नेशनल स्किल ट्रेनिंग इंस्टीच्यूट में संचालित हो रहा है, लेकिन इसका स्थायी कैंपस चेंबुर में होगा, जो वर्ष 2022 तक शुरू हो जायेगा. केंद्रीय कौशल विकास मंत्रालय के मंत्री डॉ महेंद्र नाथ पांडेय ने बताया कि तकनीकी शिक्षा उपलब्ध कराने के लिए यह सबसे बेहतर पहले है, जिसके जरिये हम कौशल विकास कर दुनिया में सबसे योग्य कौशल मानव संसाधन तैयार कर सकते है. इसके जरिये नौकरियों का सृजन किया जा सकेगा. कौशल विकास मिशन के तहत यह कदम उठाया गलया है, जिसके तहत टाटा समूह जर्मनी, स्विटजरलैंड और सिंगापुर जैसे देशों के ट्रेनिंग कीसारी सुविधाएं यहां उपलब्ध हो सकेगा. इसके लिए रोजगार भी हो सकेगा. भविष्य के उद्यमिता के विकास के लिए भी यह अहम कदम होगा. आने वाले पांच साल तक रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में यह अहम कदम उठाया जायेगा. इसके तहत पहले सौ छात्रों को स्कॉलरशिप भी देने की योजना है, जिसके सारे डिटेल जानकारी लोग skilltraining@tataiis.org से भी ले सकते है. टाटा आइआइएस के निदेशक गिरीश कृष्णामूर्ति ने बताया कि भारत में नौकरियों के अवसर को बेहतर करने के लिए यह अहम कदम है, जिसको अपनाये जाने से काफी लाभ होने वाला है.




