
जमशेदपुर : टाटा मोटर्स जमशेदपुर प्लांट के मृत बाईसिक्सकर्मी पति आलोक रंजन सिंह के न्याय और अधिकार की क़ानूनी लड़ाई लड़ने निकली विधवा नीतू सिंह की शिकायत पर परसुडीह थाना में दर्ज़ मामले में मंगलवार को जमकर बहस हुई। टाटा मोटर्स यूनियन के अध्यक्ष गुरमीत सिंह तोते और महामंत्री आरके सिंह की जमानत याचिका एस एन श्रीधर की अदालत में सुनवाई चल रही है। अध्यक्ष और महामंत्री की जमानत की पैरवी करते हुए उनके वकील ने परसुडीह थाना द्वारा समर्पित केस डायरी के आधार पर जमानत अर्जी स्वीकृत करने का आग्रह किया। इधर सरकार की ओर से लोक अभियोजक सुशील जायसवाल ने टाटा मोटर्स के अध्यक्ष और महामंत्री की ज़मानत अर्जी का जमकर विरोध किया। उन्होंने परसुडीह थाना की कार्यसंस्कृति और प्रस्तुत केस डायरी को लेकर भी सवाल उठाये जिसमें केस के महत्वपूर्ण पहलुओं को नजरअंदाज किया गया हैं। मामले में नीतू सिंह की ओर से अभियुक्तों की जमानत का प्रोटेस्ट कर रहे अधिवक्ता के एम सिंह ने भी जोरदार बहस करते हुए ज़मानत अर्जी का विरोध किया। बहस के बाद कोर्ट ने अगली सुनवाई के लिए दो जुलाई की तिथि निर्धारित किया है।
बुधवार को एसडीएम कोर्ट में हाज़िर होंगे नीतू, अप्पु तिवारी, अंकित आनंद, हर्षवर्धन सिंह, प्रकाश कुमार और अन्य
टाटा मोटर्स गेट के समक्ष पिछले दिनों नीतू सिंह के समर्थन में किन्नरों द्वारा किये गये प्रदर्शन मामले में टेल्को थाना प्रभारी की अनुशंसा पर नीतू सिंह सहित अप्पु तिवारी, अंकित आनंद, हर्षवर्धन सिंह, प्रकाश कुमार और अन्य को बुधवार को अनुमंडल दंडाधिकारी के न्यायालय में हाज़िर होकर पक्ष रखना है। लोक शांति भंग होने की संभावना के तहत टेल्को थाना की रिपोर्ट के आलोक में दंड प्रक्रिया संहिता की धारा 107 के तहत यह कार्रवाई की गई है। ज्ञातव्य हो कि नीतू सिंह ने पुलिस की भूमिका पर सवाल उठाते हुए अनुमंडल पदाधिकारी से अनशन की अनुमति माँगी थी। मामले में एसडीओ ने कोरोना महामारी और लोक शांति का हवाला देते हुए अनशन पर रोक लगाया था।






