जमशेदपुर : टाटा स्टील के जमशेदपुर प्लांट में बीती रात लोको वैगन की चपेट में आने से हुई ठेका कर्मचारी की मौत का मामला गर्मा गया है. इस मामले को लेकर मृतक बिहार के सासाराम निवासी सुनील कुमार सिंह के भाई संदेश कुमार सिंह पहुंचे. वे टाटा मुख्य अस्पताल में घटना की जानकारी ली. एचआर विभाग के निचले स्तर के अधिकारी पहुंचे. उन लोगों ने परिवार को जानकारी दी. इस दौरान अधिवक्ता भाई संदेश कुमार सिंह ने कहा कि यह हादसा का पूरा जानकारी लिखित तौर पर चाहिए. इसके अलावा यह भी कहा गया कि मुआवजा क्या दिया जायेगा. (नीचे भी पढ़े)
मुआवजा को लेकर कहा गया कि दस साल तक 10 हजार रुपये प्रतिमाह के हिसाब से पैसे ठेका कंपनी राइट्स लिमिटेड की ओर से दी जायेगी. लेकिन परिजन नहीं माने. इस दौरान कांग्रेस के पूर्वी सिंहभूम जिले के कार्यकारी अध्यक्ष धर्मेंद्र सोनकर पहुंचे. श्री सोनकर ने भी इसका विरोध किया और मुआवजा की राशि ज्यादा देने की मांग की. इस दौरान काफी देर तक वार्ता हुई, लेकिन वार्ता टूट गयी. बताया जाता है कि मैनेजमेंट को कर्मचारी के परिजनों ने साफ तौर पर कह दिया है कि अगर आपको लगता है कि ऐसा कोई काम परिवार के लिए नहीं कर सकते है तो शव को खुद रख लें. परिजन अस्पताल से बाहर निकल गये. (नीचे भी पढ़े)
गौरतलब है कि, टाटा स्टील प्लांट में रविवार देर रात लोको (मालगाड़ी) इंजन के वैगन की चपेट में आने से एक ठेका कर्मचारी की मौत हो गयी. मृतक की पहचान 34 वर्षीय सुनील कुमार सिंह के रूप में की गयी है, जो बिहार के सासाराम के निवासी थे और वर्तमान में जमशेदपुर के आस्था ट्विन सिटी स्थित सिगनाथ अपार्टमेंट में किराये के फ्लैट में रहते थे. उनके परिवार में पत्नी और तीन माह का एक बच्चा है. उनका भाई संदेश कुमार बिहार के सासाराम में अधिवक्ता हैं.



