
जमशेदपुर : अमूमन देखा गया है कि टेलीविजन मनोरंजन का चीज है. लेकिन वही टेलीविजन अगर आपके जिंदगी में आफत ला दे तो आप क्या कहेंगे… जी हां.. ये सुनकर आपको कुछ अटपटा जरूर लगा होगा, लेकिन हम जो आपके बताने जा रहे हैं, वाकई वह टेलीविजन ही है, जिसने 25 हजार करोड़ का चूना लगाया है. वैसे यह सुनकर भी आपको भरोसा नहीं हुआ होगा तो आइए हम आपको बताते हैं पूरी कहानी. अहमदाबाद की कंपनी मेसर्स डोरोटाइजर मीडिया प्राइवेट लिमिटेड के कैची पिक्सेल नामक इस कंपनी ने चैन मार्केटिंग के तहत पूरे भारत में अपना जाल फैलाया. और लोगों को यह बताया कि आप टीवी खरीदें, अपने घर में लगाएं और हम आपको प्रतिमाह पांच हजार देंगे, और इसके एवज में 45 हजार आपको देना होगा, जबकि वह 45 हजार आपका सिक्युरिटी मनी के रूप में जमा रहेगा. साथ ही हम 5 साल तक लगातार आपको हर महीने पांच हजार देंगे. वैसे इसके माध्यम से इस कंपनी ने पूरे भारत में लगभग एक करोड़ तक ग्राहक बना लिया. और सभी ग्राहक से 45- 45 हजार रुपए जमा करा ली. इतना ही नहीं कंपनी ने फ्रेंचाइजी के लिए पांच लाख तक लिया और उसके बाद शुरू हो गया करोड़ों का खेल. वैसे इस खेल में जमशेदपुर के 135 युवक शिकार हो गए. करीब दो करोड़ रुपए जमशेदपुर के युवकों का कंपनी ने हड़प लिया और इसके एवज में दिया एक टेलीविजन. वैसे बिजनस के इस फंडा को भी समझये. अपने ग्राहकों को कंपनी ने कहा कि आपको स्मार्ट टीवी के जरिए ऐड देखना होगा. प्रतिदिन 4 घंटा और उसके बाद रेटिंग आएगा, महीने में 27 दिन आपको टीवी देखना है. अगर आपने 27 दिन से कम देखा तो पांच हजार रुपए हर महीना आपको नहीं मिलेगा. फिर क्या था जो ग्राहक था उसने निर्धारित समय को पूरा करना शुरू कर दिया. उधर जब कोरोना काल शुरू हुआ तो कंपनी ने पैसा देना बंद कर दिया. उसके बाद जब सभी एजेंटों ने कंपनी पर दबाव बनाया तो कंपनी रफूचक्कर हो गया. इतना ही नहीं जमशेदपुर के गोलमुरी थाना में कंपनी के मालिक के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया गया है. वैसे यह FIR एक थाने में नहीं, बल्कि बिहार झारखंड के लगभग 100 से ज्यादा थानों में हो चुका है. उधर पैसा देकर टीवी खरीदने वाले लोग अपने पैसे को लेकर दर-दर भटक रहे हैं. अब सवाल उठता है, कि इस खेल के पीछे है कौन ! यही कारण है कि ना मामले में पुलिस हाथ डाल रही है, और ना ही सरकार ही कुछ बोलने को तैयार है.





