
जमशेदपुर : जमशेदपुर में लगातार साइबर ठगी के मामले सामने आते रहे है. खबरों के माध्यम से लोगों को साइबर ठगी से बचने के भी बारे में बताया जाता है. बावजुद इसके लोग साइबर ठगी का शिकार हो जाते है. ताजा मामला बागबेड़ा कॉलोनी निवासी राजेश्वर कुमार का है. राजेश्वर को गूगल पर बैंक के कस्टमर केयर का नंबर सर्च कर फोन करना महंगा पड़ गया. साइबर ठगों ने उन्हे अपने झांसे में लेकर एनी डेस्क एप डाउनलोड करवाया और उनके खाते से कुल 80,690 रुपये की अवैध निकासी कर लीय इस संबंध में राजेश्वर ने बिष्टुपुर साइबर थाना में शिकायत दर्ज कराई है. राजेश्वर ने शिकायत में बताया है कि उन्होने अपने बैंक से संबंधित समस्या के लिए बैंक के कस्टमर केयर का नंबर गूगल पर सर्च किया और गूगल द्वारा दर्शाए गए नंबर पर फोन किया. फोन करने वाले ने पहले फोन नहीं उठाया फिर थोड़ी देर बाद दुसरे नंबर से फोन आया. फोन करने वाले ने कहा कि वह बैंक का अधिकारी बोल रहा है. राजेश्वर ने उन्हे अपनी समस्या बताई तो ठग ने पहले फोन पर एनी डेस्क एप डाउनलोड करने के बाद आईडी की मांग की. एप डाउनलोड करने के बाद आईडी बताई जिसके बाद ठग ने उन्हे अपने बैंक के एप में लॉगइन करने को कहा. लॉगइन करते ही उनके खाते से कई बार में कुल 80,690 रुपये की निकासी हो गई. इधर दुसरी घटना में कदमा टैंक रोड निवासी चरित्र अग्रवाल साइबर ठगों के झासें में आ गया. साइबर ठगों ने उसे रुपये डबल होने का लालच दिया और खाते से रुपये की निकासी कर ली. चरित्र के पिता की मसाला चक्की की दुकान है जहां ऑनलाइन पेमेंट करने के लिए गूगल पे का इस्तेमाल करते है. एक व्यक्ति ने 4880 रुपये के मसालों का ऑर्डर दिया और अपना डिलिवरी का पता बारीडीह के जमशेदपुर पब्लिक स्कूल का बताया. आज वह मसाला लेकर मौके पर पहुंचकर संबंधित नंबर पर फोन किया तो फोन उठाने वाले ने गूगल पे पर ऑनलाइन पेमेंट की बात कही. ठग ने उसे कहा कि वह एक लिंक भेज रहा है. जिसमें उसे एक रुपये का पेमेंट करने पर दो रुपये खाते में आने की बात बताई. क्यूआर कोड स्कैन करने के बाद एक रुपये के पेमेंट करने पर दो रुपये वापस आए जिससे उसे यकिन हो गया. ठग ने उसे फिर से क्यूआर कोड भेजा. दो बार स्कैन करने के बाद उसके खाते से कुल 4880 रुपये कट गए.






