सरायकेला : पिछले दिनों बेंगलुरू में आयोजित देशभर के प्रगतिशील किसानों को उत्कृष्ट खेती के माध्यम से बेहतर उत्पादन के लिए पीएम मोदी द्वारा कृषि कर्मण पुरस्कार 2016- 17 से नवाजा गया. इसमें सरायकेला- खरसावां जिले के गम्हरिया प्रखंड के बुरूडीह पंचायत के मुखिया सोखेन हेंब्रम को भी पीए मोदी ने उत्कृष्ट किसान के रूप में सम्मानित किया. उधर मुखिया सोखेन हेंब्रम प्रधानमंत्री के हाथों पुरस्कार प्राप्त करने के बाद अपने गांव पहुंचे. जहां उनके परिवार और गांव में खुशी का माहौल है. जहां उन्हें बधाईयां देनेवालों का तांता लगा हुआ है. मुखिया सोखेन हेंब्रम का मानना है, कि खेती जिस दिन उद्योग का रूप ले लेगा देश से बेरोजगारी दूर हो जाएगी. सोखेन हेंब्रम उन्नत तकनीक के माध्यम से खेती करते हैं, वो भी पूरी शिद्दत के साथ. यहां तक कि उपजाए गए फसलों को वे खुद बाजार ले जाकर बेचते भी हैं. वहीं मुखिया ने एक जनप्रतिनिधि होकर आज देश और समाज के लिए नजीर पेश की है. मुखिया सोखेन हेंब्रम का कहना है, कि वे पहले एक किसान हैं, बाद में मुखिया. वहीं मुखिया सोखेन हेंब्रम ने बताया कि खेती के माध्यम से उन्होंने अपने बड़े बेटे को इंजीनियर बनाया जबकि छोटे बेटे को आईटी की पढ़ाई पढ़ा रहे हैं. जबकि एक बेटा उनके साथ खेती- बाड़ी में हाथ बंटाता है. साथ ही तीनों बेटियों को स्नातक तक की शिक्षा खेती- बाड़ी के माध्यम से ही दिलाया है. निश्चित तौर पर झारखंड के सरायकेला जिला जैसे क्षेत्र में सोखेन हेंब्रम ने कृषि क्रांति की जो ईबादत लिखी है वह देशभर के किसानों के लिए प्रेरणादायक है. ऐसे किसान को अगर देश के किसानों को दिया जानेवाला सबसे बड़ा सम्मान मिलता है, तो जिला के साथ राज्य के किसानों के लिए गौरव की बात है. हम उनके जज्बे औऱ हौसले को सैल्यूट करते हैं.






