
जमशेदपुर : जमशेदपुर के भुईयांडीह में इन दिनों सड़क चौड़ीकरण का कार्य किया जा रहा है. सड़क चौड़ीकरण में एक सामुदायिक शौचालय को तोड़ने पहुंची जुस्को की टीम को स्थानीय लोगों का सामना करना पड़ा. टीम पूरी तैयारी के साथ जेसीबी और अन्य मशीनों के साथ शौचालय को तोड़ने पहुंची थी पर स्थानीय लोगों के विरोध के बाद टीम वापस चली गई. हालांकि टीम द्वारा स्थानीय लोगों को यह कहा गया है कि रात को शौचालय को तोड़ दिया जायेगा. इधर स्थानीय लोगों ने शौचालय के पास जमकर हंगामा किया. स्थानीय लोगों ने बताया कि आस पास के दो हजार से ज्यादा लोग शौच करने जाते है. शौचालय टूटने के बाद उन्हें शौच के लिए काफी दिक्कत होगी. अगर शौचालय तोड़ना है तो उसके पहले बस्ती वालों के लिए शौचालय बना कर दे. इसके पहले भी उन्होंने कई बार शौचालय के लिए ज्ञापन दिया है पर अब तक शौचालय नहीं बना है. फिलहाल 6 महिला और 6 पुरुष शौचालय है. पास ही में शौचालय बनाया गया है पर वह स्थाई रूप से नहीं है. अगर शौचालय तोड़ा गया तो बस्ती के लोग आंदोलन करेंगे. दूसरी ओर, इस मामले में जमशेदपुर पूर्वी के विधायक सरयू राय ने इस मामले को लेकर जिला प्रशासन और टाटा स्टील को पत्र लिखा है. इसमें कहा गया है कि लिट्टी चौक से भुईयांडीह सड़क का चौड़ीकरण की राह में एक पुराना सार्वजनिक शौचालय आ रहा है. जुस्को का बहुत पहले से वादा था कि पुराने शौचालय को तोड़ने के पहले एक वैकल्पिक शौचालय बस्तीवासियों के उपयोग के लिये बना दिया जायेगा. बस्तीवासी इसकी प्रतीक्षा में ही थे कि गुरुवार को जुस्को का जेसीबी शौचालय भवन तोड़ने पहुंच गया. बस्तीवासियों द्वारा सूचना मिलने के बाद उन्होंने जुस्को के महाप्रबंधक कैप्टन धनंजय मिश्रा से बात किया तो उन्होंने जेसीबी वापस बुलवा लिया परंतु जुस्को कर्मियों ने शौचालय का बिजली-पानी कनेक्शन काट दिया, जिसके कारण शौचालय का उपयोग करने वाले गरीब बस्तीवाले कठिनाई झेल रहे हैं. जुस्को प्रबंधन से आग्रह किया गया है कि वैकल्पिक शौचालय बनाने के उपरांत ही वे पुराना शौचालय तोड़ें तथा वहां बिजली-पानी का कनेक्शन तत्काल बहाल कर दें. जुस्को प्रबंधन को विचारना चाहिए कि एक ओर कतिपय दबंग लोगों ने जमशेदपुर में जुस्को के सार्वजनिक शौचालय को तोड़कर घर में मिला लिया है. एक जगह तो भालुबासा में जुस्को का सार्वजनिक शौचालय तोड़कर वहां दो मंजिला घर बना लिया है. परंतु जुस्को प्रशासन और जमशेदपुर जिला प्रशासन इस पर मौन साधे हुए है. दूसरी ओर गरीब बस्तीवासियो के उपयोग के लिये बने सार्वजनिक शौचालय को जुस्को तोड़ने पर आमादा है. मुझे उम्मीद है कि कंपनी प्रबंधन इस बारे में संवेदनशीलता प्रदर्शित करेगा और यथास्थिति बरकरार रखेगा. यदि कम्पनी को इसपर होने वाले व्यय की चिंता है तो मैं कल ही इसके लिये अपने विधायक निधि से इसे बनाने के लिये निधि विमुक्त करने की अनुशंसा कर देंगे.






