चाकुलिया : चाकुलिया प्रखंड की सोनाहातु पंचायत के आमाभुला गांव निवासी 32 वर्षीय मजदूर खगेन महतो की मौत कर्नाटक के सोनतदी स्थित हार्षा शुगर प्राइवेट लिमिटेड में हो गई।वह साथी मजदूरों के साथ वहां मजदूरी करने गया था। बुधवार की सुबह लाश का पोस्टमार्टम कराए बगैर एंबुलेंस से गांव पहुंचाया गया। ग्रामीण और परिजन लाश को एंबुलेंस से नहीं उतार रहे हैं. इनका कहना है कि लाश का पोस्टमार्टम क्यों नहीं कराया गया, इसलिए मौत पर संदेह है कि आखिर मौत कैसे हुई। कंपनी उचित मुआवजा प्रदान करे।गांव में एंबुलेंस के पास मुखिया मोहन सोरेन, पूर्व मुखिया श्याम मांडी, सीपीआई नेता गोपाल पात्र समेत मृत मजदूर के परिजन और ग्रामीण जुटे हुए हैं। (नीचे भी पढ़ें)
एंबुलेंस में गांव का ही साथी मजदूर बादल महतो और बहरागोड़ा के दो मजदूर भी आये हैं। बादल महतो भी उसी फैक्ट्री में काम करता था। बादल महतो के मुताबिक खगेन महतो की मौत विगत सोमवार को फैक्ट्री में हार्ट अटैक से हुई है। उसे चिकित्सक के पास ले जाया गया था। चिकित्सक ने मृत घोषित कर दिया था। इसके बाद कंपनी के ठेकेदार ने 14000 देकर लाश को गांव भिजवा दिया। जानकारी के मुताबिक मृतक खगेन महतो की पत्नी और तीन संताने हैं। रो-रोकर पत्नी का बुरा हाल है। गांव में मातम पसरा हुआ है।



